अंग्रेजों ने कैसे भारतीयों को चाय की लत लगाई – दुनिया का सबसे बड़ा मार्केटिंग अभियान
आजकल तो बगैर चाय के हमारा काम ही नहीं चलता। हर जगह चाय. हर मौके पर चाय. हर टाइम पर चाय. खुशी मनानी हो तो चाय. मूड अपसेट हो तो चाय. और चाय तो हर जगह सर्वसुलभ है – सड़क पर टपरिया और ढाबे से लेकर पांच सितारा होटल तक चाय. आपको मालूम है कि…