समूह की महिलाओं ने तैयार किया गाय के गोबर से प्राकृतिक धूुप बत्ती, मंडल में खूब डिमांड
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महिलाएं आत्मनिर्भर बनने के लिए समूह बनाकर काम कर रही हैं. एक ऐसा ही समूह प्राकृतिक तरीके से धूपबत्ती तैयार कर रहा है. ये महिलाएं प्राकृतिक चीजों का मिश्रण कर धूपबत्ती बनाती हैं और इसे बेचकर अच्छा मुनाफा कमा रही हैं. इससे न केवल उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार हो रहा है. बल्कि वे अपने परिवार का भी सहयोग कर रही हैं. ये महिलाएं अब आत्मनिर्भर बनकर अपने पैरों पर खड़ी हो रही हैं और समाज में एक नई पहचान बना रही हैं.
मुरादाबादः महिलाएं आत्मनिर्भर बनने के लिए समूह बनाकर काम कर रही हैं. एक ऐसा ही समूह प्राकृतिक तरीके से धूपबत्ती तैयार कर रहा है. ये महिलाएं प्राकृतिक चीजों का मिश्रण कर धूपबत्ती बनाती हैं और इसे बेचकर अच्छा मुनाफा कमा रही हैं. इससे न केवल उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार हो रहा है. बल्कि वे अपने परिवार का भी सहयोग कर रही हैं. ये महिलाएं अब आत्मनिर्भर बनकर अपने पैरों पर खड़ी हो रही हैं और समाज में एक नई पहचान बना रही हैं.
10 महिलाओं का है समूह
मुरादाबाद में यह समूह लक्ष्मी स्वयं सहायता समूह के नाम से चल रहा है. समूह की अध्यक्ष अंशु चौहान ने बताया कि समूह में 10 महिलाएं जुड़ी हुई है. जिसमें गाय के गोबर से ऑर्गेनिक धूपबत्ती तैयार करने का काम किया जा रहा है. उन्होंने बताया कि हम गाय के गोबर से धूपबत्तियां में कई चीजों का मिश्रण करके यह प्राकृतिक धूपबत्ती तैयार करते है. जिसमें फूल पत्तियों और गोबर सहित कई चीजों का मिश्रण किया गया है. इसके साथ ही समूह की सभी महिलाएं गाय के गोबर से प्राकर्तिक धूपबत्ती का काम करती है.
खूब आ रही डिमांड
उन्होंने बताया कि समूह में 10 महिलाएं जुड़ी हुई है. सभी महिलाएं अलग-अलग काम करती हैं. जैसे कुछ महिलाएं मिलकर गाय का गोबर इकट्ठा कर तैयार करती हैं. और कुछ महिलाएं फूल पत्तियों का काम करती हैं. इस प्रकार सभी महिलाएं मिलाकर अलग-अलग काम कर रही है. जिसमें गाय के गोबर में प्राकर्तिक चीजों का मिश्रण कर धूमबत्ती तैयार कर रही है. उनका कहना है कि उनकी प्राकर्तिक धूपबत्ती की सभी जगह खूब अच्छी डिमांड आ रही है. और यह सामान सभी जगह सेल हो रहा है और हम जहां-जहां पर स्टाल लगाते हैं. वहां से लोग हमारा नंबर लेकर फोन करके आर्डर देकर भी मंगा लेते हैं और घर से भी ले जाते हैं.
12 हजार तक होता है मुनाफा
इस काम से हम सभी महिलाएं बहुत ज्यादा खुश हैं. और अच्छा मुनाफा भी कमा रहीं है. प्रत्येक महिला 10 से 12000 रुपए तक कमा रही है. इसके साथ ही समूह पूरी तरीके से आत्मनिर्भर बन गया है. इनके द्वारा तैयार किए गए उत्पाद की डिमांड की बात की जाए तो मुरादाबाद मंडल में सभी जगह पसंद किए जा रहे है. इसके अलावा काशीपुर तक से भारी डिमांड है. यह समूह अन्य महिलाओं को भी रोजगार से जोड़कर आत्मनिर्भर बना रहा है.
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मैं रजनीश कुमार यादव, 2019 से पत्रकारिता से जुड़ा हूं. तीन वर्ष अमर उजाला में बतौर सिटी रिपोर्टर काम किया. तीन वर्षों से न्यूज18 डिजिटल (लोकल18) से जुड़ा हूं. ढाई वर्षों तक लोकल18 का रिपोर्टर रहा. महाकुंभ 2025 …और पढ़ें