इंदिरापुरम की सड़कों पर होली से पहले नहीं चढ़ेगा मरम्मत का रंग, टेंडर के बावजूद काम ठप, धूल और गड्ढों से राहगीर बेहाल
गाजियाबाद: त्योहारों की रौनक आने वाली है, लेकिन इंदिरापुरम के निवासियों के लिए इस बार की होली धूल और धक्कों भरी होने वाली है. शहर के प्रमुख रास्तों की हालत इस कदर खस्ता है कि टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के एक महीने बाद भी धरातल पर काम शुरू नहीं हो पाया है. नगर निगम के दावे कागजों तक सिमट कर रह गए हैं, जबकि सड़कों पर मौजूद गहरे गड्ढे अब जानलेवा साबित हो रहे हैं.
काला पत्थर से वैशाली तक का बुरा हाल
इंदिरापुरम के पॉश इलाकों में शुमार काला पत्थर रोड, नीति खंड, गुरुद्वारा रोड और वैशाली पुलिया के पास सड़कों की स्थिति लगातार बिगड़ती जा रही है. स्थानीय निवासियों का कहना है कि प्रशासन की अनदेखी की वजह से इन रास्तों पर चलना किसी जोखिम से कम नहीं है. विशेष रूप से नीति खंड क्षेत्र में नाला निर्माण के बाद स्वर्ण जयंती पार्क के सामने की सड़क पूरी तरह उखड़ चुकी है, जिससे यातायात बुरी तरह प्रभावित हो रहा है.
मरम्मत के नाम पर खानापूर्ति, लेवलिंग न होने से बढ़ा खतरा
प्रशासन ने शिकायतों के बाद कुछ जगहों पर गड्ढे भरने की कोशिश तो की, लेकिन यह कोशिश ‘ऊंट के मुंह में जीरा’ साबित हुई. गुरुद्वारा रोड पर कुछ समय पहले बजरी और मिट्टी डाली गई थी, लेकिन भारी ट्रैफिक के दबाव के कारण वह मिट्टी निकल गई और गड्ढे पहले से ज्यादा गहरे हो गए हैं. सड़क की लेवलिंग न होने के कारण दोपहिया वाहन चालक अक्सर फिसलकर चोटिल हो रहे हैं. रात के समय रोशनी की कमी इन गड्ढों को और भी घातक बना देती है.
टेंडर हुआ पर काम नहीं, दुर्घटनाओं का डर
यही हाल वैशाली पुलिया के पास वाली सड़क का भी है. यहाँ गड्ढों के कारण वाहन चालकों को अचानक ब्रेक लगानी पड़ती है, जिससे पीछे से आने वाले वाहनों की टक्कर का खतरा बना रहता है. स्थानीय निवासी रानी वर्मा और आकांक्षा तोमर ने बताया कि दोपहिया वाहनों के लिए ये सड़कें ‘डेथ ट्रैप’ बन चुकी हैं. निवासियों की मांग है कि नगर निगम केवल अस्थायी पैचवर्क न करे, बल्कि पूरी सड़क की री-सरफेसिंग करे ताकि समस्या का स्थायी समाधान हो सके.
क्या कहता है नगर निगम प्रशासन?
सड़कों की इस दुर्दशा पर नगर निगम के एग्जीक्यूटिव इंजीनियर देशराज का कहना है कि हॉट मिक्सर प्लांट शुरू होते ही काम में तेजी आएगी. उन्होंने बताया,
जहां काफी बड़े गड्ढे हैं, उन्हें प्राथमिकता पर भरवाया जाएगा. गुरुद्वारा रोड की मरम्मत जल्द ही सीएम ग्रिड योजना के तहत की जाएगी. सिविल वर्क में थोड़ा समय लगता है, तब तक लोगों को सावधानी से वाहन चलाने की जरूरत है.
हालांकि, अधिकारियों के इन आश्वासनों से स्थानीय जनता संतुष्ट नहीं है, क्योंकि टेंडर हुए हफ़्तों बीत चुके हैं और होली सिर पर है.