‘उधर तुम हसीन हो इधर दिल जवां है’, 1955 का वो सुपरहिट गाना, जिसने सिखाया प्यार का सलीका
1955 में आई फिल्म ‘मिस्टर एंड मिसेज 55’ का गाना ‘उधर तुम हसीं हो इधर दिल जवां है’ आज भी हिंदी सिनेमा के सबसे खूबसूरत रोमांटिक गीतों में गिना जाता है . गुरु दत्त के निर्देशन और मधुबाला की अदाओं से सजी इस फिल्म के इस गाने को मोहम्मद रफी और गीता दत्त की आवाज ने अमर कर दिया . ओपी नैयर के संगीत में मजरूह सुल्तानपुरी के बोलों ने प्यार के एहसास को ऐसा रूप दिया कि यह गाना हर दशक में उतना ही ताजा लगता है . वॉल्टज स्टाइल में बनी इस धुन पर गुरु दत्त और मधुबाला ने जिस अंदाज में रोमांस किया, वह सिनेमाई इतिहास का हिस्सा बन गया . ‘ये रंगीन रातों की एक दास्तां है’ से शुरू होने वाला यह गीत न सिर्फ उस दौर के क्लासिक रोमांस को दर्शाता है, बल्कि रफी और गीता दत्त की बेहतरीन जुगलबंदी का भी बेहतरीन नमूना है . आज भी जब यह गाना बजता है, तो श्रोता उस सुनहरे दौर में खो जाते हैं जब प्यार के इजहार के लिए इतने खूबसूरत अल्फाज थे.