घर से 400 मीटर दूर खत्म हुई जिंदगी, 40 कुंतल वजन का बोर्ड बना मौत का कारण, जानें पूरा माजरा
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Pratapgarh latest news : प्रतापगढ़ के बाबूगंज बाजार में बड़ा हादसा हो गया, जहां चलती कार पर पेट्रोल पंप का 65 फुट लंबा साइन बोर्ड गिरने से सपा नेता लाल बहादुर यादव की दर्दनाक मौत हो गई. क्रेन का पट्टा टूटने से यह हादसा हुआ. घटना सीसीटीवी में कैद है. हादसे के बाद इलाके में शोक और आक्रोश का माहौल है.

प्रतीकात्मक चित्र
प्रतापगढ़ : अंतू कोतवाली क्षेत्र के बाबूगंज बाजार में शनिवार सुबह एक दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर दिया. समाजवादी पार्टी के नेता लाल बहादुर यादव की उस समय मौत हो गई, जब उनकी चलती कार पर पेट्रोल पंप का भारी-भरकम साइन बोर्ड गिर पड़ा. घटना उनके घर से महज 400 मीटर की दूरी पर हुई, जब वह शहर की ओर जा रहे थे.
क्रेन का पट्टा टूटने से हुआ हादसा
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सुबह करीब 11 बजे पेट्रोल पंप पर 65 फुट लंबा और लगभग 40 कुंतल वजनी साइन बोर्ड लगाया जा रहा था. क्रेन की मदद से पोल और बोर्ड को खड़ा किया जा रहा था. इसी दौरान अचानक क्रेन का पट्टा टूट गया और भारी पोल सड़क की ओर गिर पड़ा. उसी समय वहां से गुजर रही लाल बहादुर यादव की कार इसकी चपेट में आ गई. टक्कर इतनी भीषण थी कि कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और सपा नेता ने मौके पर ही दम तोड़ दिया.
सीसीटीवी में कैद हुई पूरी घटना
पूरी घटना पास में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है. हादसे के तुरंत बाद अफरा-तफरी मच गई. स्थानीय लोगों ने पुलिस को सूचना दी. पुलिस मौके पर पहुंची और रेस्क्यू कर कार में फंसे शव को बाहर निकाला. शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है.
पंप कर्मी फरार, ठेकेदार की लापरवाही पर सवाल
हादसे के बाद पेट्रोल पंप के कर्मचारी पंप बंद कर मौके से फरार हो गए. स्थानीय लोगों में ठेकेदार की लापरवाही को लेकर भारी आक्रोश है. सवाल उठ रहे हैं कि दिन में 11 बजे, जब सड़क पर यातायात सामान्य रूप से चल रहा था, तब इतने भारी साइन बोर्ड को लगाने का काम क्यों किया जा रहा था. इसे सुबह तड़के या देर रात भी लगाया जा सकता था, जब ट्रैफिक बेहद कम रहता है. लोगों का आरोप है कि ठेकेदार की मनमानी और लापरवाही ने एक जान ले ली.
राजनीतिक और सामाजिक पहचान
लाल बहादुर यादव न सिर्फ समाजवादी पार्टी से जुड़े सक्रिय नेता थे, बल्कि पीडब्ल्यूडी में ठेकेदारी का कार्य भी करते थे. वह अंतू नगर पंचायत का चुनाव भी लड़ चुके थे. क्षेत्र में उनकी अच्छी पहचान और सामाजिक सक्रियता के कारण उनकी असमय मौत से शोक की लहर है.
परिवार में मचा कोहराम
मृतक अपने पीछे चार बेटियां और एक बेटा छोड़ गए हैं. हादसे की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया. परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पूरे क्षेत्र में मातम पसरा हुआ है.
पुलिस का बयान
सीओ लाइन शिव नारायण वैश्य ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है. सीसीटीवी फुटेज और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी. दोषियों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे.