आदित्य पंचोली केस: एफआईआर रद्द करने की मांग पर हाईकोर्ट सख्त, एक्ट्रेस को 12वीं बार भेजा नोटिस
Last Updated:
आदित्य पंचोली दुष्कर्म मामले में बॉम्बे हाईकोर्ट ने एक्ट्रेस को बयान दर्ज कराने के लिए फिर नोटिस जारी किया. पुलिस ने कोर्ट में दावा किया कि एक्ट्रेस को 11 बार नोटिस भेजा जा चुका है, लेकिन वह अपना बयान दर्ज करवाने नहीं आई है. कोर्ट ने पुलिस सख्त आदेश दिए और 12वां नोटिस भेजने के लिए कहा. अगली सुनवाई 24 फरवरी को होगी. पंचोली ने एफआईआर रद्द करने की मांग की है.

आदित्य पंचोली रेप के मामले में आरोपी हैं. (फोटो साभारः आईएमडीबी)
मुंबई. आदित्य पंचोली से जुड़े बहुचर्चित दुष्कर्म मामले में एक बार फिर कानूनी हलचल तेज हो गई है. इस मामले में अब बॉम्बे हाईकोर्ट ने सुनवाई की. आदित्य पंचोली ने कोर्ट से अपने खिलाफ दर्ज एफआईआर को रद्द करने की मांग की है. अदालत में हुई सुनवाई के दौरान पुलिस की ओर से दी गई जानकारी और कोर्ट के निर्देशों ने इस केस को एक नया मोड़ दे दिया है. बॉम्बे हाईकोर्ट को बताया गया कि शिकायतकर्ता एक्ट्रेस अब तक पुलिस के सामने बयान दर्ज कराने के लिए उपस्थित नहीं हुई हैं.
एक्ट्रेस को अब तक 11 बार नोटिस भेजे जा चुके हैं, लेकिन इसके बावजूद वह पेश नहीं हुई है. इस पर अदालत ने सख्त रुख अपनाते हुए एक बार फिर नोटिस जारी करने का निर्देश दिया है और स्पष्ट किया है कि अगली तारीख पर उनकी उपस्थिति जरूरी होगी. इस मामले की अगली सुनवाई 24 फरवरी को निर्धारित की गई है.
यह मामला मुंबई के अंधेरी वेस्ट स्थित वर्सोवा पुलिस स्टेशन में दर्ज किया गया था. शिकायतकर्ता एक्ट्रेस ने अपनी शिकायत में गंभीर आरोप लगाए. आरोप के मुताबिक, फिल्म इंडस्ट्री में करियर के शुरुआती दौर के दौरान आदित्य पंचोली ने उन्हें नशीला पदार्थ दिया और उनके साथ दुष्कर्म किया.
एक्ट्रेस ने 5 साल तक रेप और शोषण करने का दावा किया
एक्ट्रेस का दावा है कि ये घटनाएं साल 2004 से 2009 के बीच की हैं, जब पंचोली ने कथित तौर पर उन्हें ब्लैकमेल किया और जबरन संबंध बनाने के लिए मजबूर किया. शिकायत में कहा गया है कि इस दौरान उनका शारीरिक और मानसिक शोषण किया गया. एक्ट्रेस ने आरोप लगाया है कि आरोपी ने उनकी निजी तस्वीरें लीं और उन्हें सार्वजनिक करने की धमकी देकर लंबे समय तक दबाव में रखा. इसी आधार पर उन्होंने कानूनी कार्रवाई का रास्ता चुना.
आदित्य पंचोली ने खारिज किए आरोप
इस मामले पर आदित्य पंचोली और उनके वकील ने इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज किया है. पंचोली के वकील का कहना है कि यह मामला पूरी तरह से झूठा और दुर्भावनापूर्ण है. शिकायत समय-सीमा के काफी बाद दर्ज की गई है और इसके पीछे निजी रंजिश है. इसी आधार पर पंचोली ने बॉम्बे हाईकोर्ट में एफआईआर रद्द करने की याचिका दाखिल की.
About the Author
रमेश कुमार, सितंबर 2021 से न्यूज 18 हिंदी डिजिटल से जुड़े हैं. इससे पहले एबीपी न्यूज, हिंदीरश (पिंकविला), हरिभूमि, यूनीवार्ता (UNI) और नेशनल दुनिया में काम कर चुके हैं. एंटरटेनमेंट, एजुकेशन और पॉलिटिक्स में रूच…और पढ़ें