‘पार्टी के मुद्दे मीडिया में न उछालें’, पंजाब कांग्रेस में नेतृत्व परिवर्तन अफवाहों पर पार्टी सख्त

Share to your loved once


Last Updated:

Punjab Congress News: पंजाब शीर्ष में बदलाव को लेकर सोशल मीडिया और मीडिया में चल रहे तमाम अटकलों पर विराम लग गया है. पार्टी शीर्ष ने सख्त हिदायत जारी करते हुए कहा कि पार्टी की आंतरिक खबरों को मीडिया में लीक ना करें क्योंकि अभी पंजाब नेतृत्व में कोई बदलाव होने नहीं जा रहा है.

'मीडिया में न उछालें', पंजाब कांग्रेस में नेतृत्व परिवर्तन पर पार्टी सख्तपंजाब में शीर्ष नेतृत्व परिवर्तन की अफवाहों पर कांग्रेस सख्त, पार्टी के नेताओं को चेताया.

Punjab Congress News: पंजाब कांग्रेस की आंतरिक खींचतान किसी से छिपा नहीं है. कई दिनों से मीडिया और सोशल मीडिया में नेतृत्व परिवर्तन की तमाम अटकलों लगाई जा रही थीं. हालांकि, कांग्रेस हाईकमान ने गुरुवार को पूर्णविराम लगा दिया. नई दिल्ली स्थित एआईसीसी मुख्यालय में हुई एक उच्च स्तरीय बैठक के बाद पार्टी ने स्पष्ट कर दिया है कि पंजाब में मौजूदा नेतृत्व में कोई बदलाव नहीं होने जा रहा है. इसके साथ ही, पार्टी आलाकमान ने प्रदेश के नेताओं को कड़े शब्दों में चेतावनी दी है. नेतृत्व ने कहा कि वे पार्टी के आंतरिक मुद्दों को सार्वजनिक मंचों या मीडिया में उछालने से बाज आएं.

खड़गे और राहुल की मौजूदगी में तीन घंटे मंथन हुई. कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की अध्यक्षता में हुई अहम बैठक हुई. इसमें लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, संगठन महासचिव के.सी. वेणुगोपाल और पंजाब प्रभारी भूपेश बघेल विशेष रूप से मौजूद रहे. इसमें पंजाब कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व ने भी हिस्सा लिया.

गुटबाजी बर्दाश्त नहीं

इस बैठक में प्रदेश अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग, नेता प्रतिपक्ष प्रताप सिंह बाजवा, पूर्व सीएम चरणजीत सिंह चन्नी, सुखजिंदर सिंह रंधावा और अन्य वरिष्ठ नेता शामिल थे. वेणुगोपाल ने दो टूक संदेश देते हुए कहा कि गुटबाजी बर्दाश्त नहीं की जाएगी. बैठक के बाद संगठन महासचिव के.सी. वेणुगोपाल ने नेतृत्व परिवर्तन के सवाल को सिरे से खारिज कर दिया.

अनुशासन जरूरी है

केसी वेणुगोपाल ने कहा, ‘पंजाब में नेतृत्व बदलने का कोई सवाल ही नहीं है.’ उन्होंने बताया कि बैठक सकारात्मक रही और सभी नेताओं ने पार्टी को मजबूत करने के लिए अपने विचार रखे. हालांकि, वेणुगोपाल ने अनुशासन को लेकर कड़ा रुख अपनाया. उन्होंने कहा कि नेताओं को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि वे पार्टी से जुड़े मसलों पर मीडिया या सोशल मीडिया पर बयानबाजी न करें. किसी भी शिकायत या सुझाव के लिए पार्टी का आंतरिक मंच उपलब्ध है.

गुट की खबरों पर सफाई

वेणुगोपाल से पंजाब के करीब 30 नेताओं द्वारा हाईकमान से अलग से मिलने का समय मांगने के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने स्पष्ट किया कि कांग्रेस में कोई भी नेता अपनी व्यक्तिगत क्षमता के आधार पर हाईकमान से मिल सकता है, लेकिन किसी भी प्रकार की ‘गुटबाजी’ या लॉबिंग को स्वीकार नहीं किया जाएगा. उन्होंने यह भी दोहराया कि पार्टी दलितों, पिछड़ों और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों को उचित प्रतिनिधित्व देने के लिए प्रतिबद्ध है. जनता कांग्रेस की वापसी चाहती है.

पंजाब में कांग्रेस आना चाहती

बघेल इस अवसर पर पंजाब प्रभारी भूपेश बघेल ने कहा कि पंजाब की जनता एक बार फिर कांग्रेस को सत्ता में देखना चाहती है. इसके लिए संगठन का एकजुट रहना जरूरी है. उन्होंने भी जोर देकर कहा कि अनुशासनहीनता किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी. इस बैठक के बाद यह साफ हो गया है कि हाईकमान फिलहाल राजा वड़िंग और प्रताप सिंह बाजवा के नेतृत्व पर भरोसा कायम रखे हुए है. अब पूरा फोकस आगामी चुनावों और संगठन की मजबूती पर होगा.

About the Author

Deep Raj Deepak

दीप राज दीपक 2022 में न्यूज़18 से जुड़े. वर्तमान में होम पेज पर कार्यरत. राजनीति और समसामयिक मामलों, सामाजिक, विज्ञान, शोध और वायरल खबरों में रुचि. क्रिकेट और मनोरंजन जगत की खबरों में भी दिलचस्पी. बनारस हिंदू व…और पढ़ें

homepunjab

‘मीडिया में न उछालें’, पंजाब कांग्रेस में नेतृत्व परिवर्तन पर पार्टी सख्त

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

GET YOUR LOCAL NEWS ON NEWS SPHERE 24      TO GET PUBLISH YOUR OWN NEWS   CONTACT US ON EMAIL OR WHATSAPP