do not make roti on makar sankranti and these six religious occasions in 2026 | When Not Make Chapati In House In 2026 | नए साल में जाने-अनजाने में भी इन 6 मौकों पर ना बनाएं रोटी
When Not Make Chapati In Home: हर कोई चाहता है कि नया साल उसके लिए सुख-समृद्धि और उन्नति लेकर आए. कई लोगों की अचानक से ये इच्छाएं पूरी हो जाती हैं तो कुछ लोगों के लिए नया साल वैसा ही होता है, जैसा पुराना था. ऐसा इसलिए होता है क्योंकि हम जाने-अनजाने ऐसी कई गलतियां कर देते हैं, जिसका नकारात्मक प्रभाव हमारे साथ-साथ पूरे परिवार पर पड़ता है. वैदिक ज्योतिष के अनुसार, साल 2026 में कुछ ऐसे 6 मौके हैं, जिसमें आपको भूलकर भी रोटी नहीं बनानी चाहिए अन्यथा केवल एक साल ही नहीं बल्कि पूरे जीवन परेशानियों का सामना करना पड़ता है. शास्त्रों और कुछ परंपराओं में कुछ विशेष तिथियों को ऐसा माना गया है, जिनमें रोटी (चपाती/आटा) बनाना अशुभ फल देने वाला होता है. इसे ग्रह-दोष, पितृ-दोष और नकारात्मक ऊर्जा से जोड़ा गया है. आइए जानते हैं साल 2026 में किन तिथियों पर घर में रोटी नहीं बनानी चाहिए…
मकर संक्रांति (14 जनवरी 2026)
नए साल में प्रवेश करते ही, जो त्योहार सबसे पहले आता है वह है मकर संक्रांति का पर्व. हर साल मकर संक्रांति का पर्व कभी 14 जनवरी को तो कभी 15 जनवरी को ही मनाया जाता है. मकर संक्रांति के दिन भूलकर भी रोटी नहीं बनाना चाहिए, इस दिन गैस पर रोटी बनाने के लिए तवा रना पूरी तरह वर्जित होता है. मकर संक्रांति के दिन काली उड़द दाल और चावल की खिचड़ी खाने का रिवाज है. साथ ही आप चावल से बने खाद्य पदार्थ का सेवन कर सकते हैं.
शीतला अष्टमी (11 मार्च 2026)
शीतला अष्टमी साल 2026 का दूसरा ऐसा अवसर है, जब आपको रोटी बनाने से बचना चाहिए. इस बार शीतला अष्टमी का पर्व 11 मार्च 2026 दिन बुधवार को मनाया जाएगा. शीतला अष्टमी के दिन बासी भोजन का भोग लगाकर माता शीतला की पूजा की जाती है, जो गर्मी व संक्रमण से रक्षा करती हैं. इस दिन शीतला अष्टमी का व्रत किया जाता और इस दिन बासी खाना अर्थात ठंडे भोजन किया जाता है.
नाग पंचमी (17 अगस्त 2026)
साल 2026 में नाग पंचमी के पर्व पर भूलकर भी रोटी नहीं बनानी चाहिए. इस साल नाग पंचमी का पर्व 17 अगस्त 2026 दिन सोमवार को मनाया जाएगा. यह पर्व हर वर्ष सावन मास के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को मनाया जाता है. हालांकि कुछ जगह पर यह पर्व 16 या 18 अगस्त को भी मनाया जाएगा, इसलिए तिथि की पुष्टि स्थानीय पंचांग से करना उत्तम है लेकिन 17 अगस्त ही सबसे प्रचलित तिथि है. पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, नाग पंचमी के दिन तवे को आग पर नहीं रखा जाता क्योंकि तवे को नाग देवता का स्वरूप माना गया है.
शरद पूर्णिमा (25 अक्टूबर 2026)
साल 2026 में शरद पूर्णिमा के दिन भूलकर भी रोटी नहीं बनानी चाहिए. इस साल शरद पूर्णिमा का पर्व 25 अक्टूबर 2026 दिन रविवार को मनाया जाएगा. शरद पूर्णिमा का पर्व माता लक्ष्मी को समर्पित है इसलिए इस दिन घर में रोटी बनाने से बचना चाहिए. शरद पूर्णिमा के दिन व्रत रखकर माता लक्ष्मी और चंद्र देव की पूजा अर्चना करने से जीवन में सुख-शांति और समृद्धि आती है.
दीपावली (8 नवंबर 2026)
साल 2026 में दिवाली के दिन भूलकर भी गैस पर तवा नहीं रखना चाहिए और रोटी नहीं बनानी चाहिए. इस साल दीपावली का पर्व 6 नवंबर से शुरू होगा और 11 नवंबर को खत्म होगा, इसमें लक्ष्मी पूजन 8 नवंबर 2026 को किया जाएगा. शरद पूर्णिमा की तरह दिवाली का पर्व माता लक्ष्मी को समर्पित है इसलिए इस दिन चूल्हे पर तवा चढ़ाना निषेध माना जाता है. साथ ही बताया जाता है कि दिवाली के दिन बर्तनों को भी खाली नहीं छोड़ना चाहिए, यह अपशकुन माना जाता है.
महालक्ष्मी व्रत (19 सितंबर 2026 से शुरू)
साल 2026 में महालक्ष्मी व्रत के दिन भी रोटी नहीं बनानी चाहिए. माता लक्ष्मी के किसी भी व्रत और पूजा में गैस पर तवा नहीं चढ़ाया जाता. जो व्यक्ति इस दिन रोटी बनाता है, उसके घर में माता लक्ष्मी नाराज हो जाती हैं, जिससे घर में दरिद्रता आती है. महालक्ष्मी व्रत 2026 भाद्रपद मास की शुक्ल अष्टमी से शुरू होकर 16 दिनों तक चलता है, जो कि 19 सितंबर 2026 से शुरू होगा और 4 अक्टूबर 2026 तक चलेगा.
इन 6 अवसर पर ना बनाएं रोटी
- मकर संक्रांति
- शीतला अष्टमी
- नाग पंचमी
- शरद पूर्णिमा
- दीपावली
- महालक्ष्मी व्रत