Auspicious Directions for hanging calendar in home: कैलेंडर टांगने के लिए शुभ-अशुभ दिशा?
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Auspicious Directions for hanging calendar: नव वर्ष 2026 का स्वागत हर किसी ने धूमधाम से किया. नया साल आते ही हर कोई अपने घर में सबसे पहले नया कैलेंडर टांगता है. यह जरूरी भी है, क्योंकि किस महीने कौन सा व्रत-त्योहार पड़ेगा, किस तारीख को कौन सा दिन होगा, इसकी जानकारी होनी भी बेहद जरूरी है. कुछ लोग टेबल कैलेंडर रखते हैं तो कुछ दीवारों पर लटकाने वाले कैलेंडर खरीदते हैं. लेकिन, गलती कर देते हैं इसे किसी भी दिशा, स्थान पर टांगने की. क्या आप जानते हैं कि वास्तु शास्त्र में कैलेंडर टांगने के लिए भी एक सही दिशा, स्थान बताया गया है. आप भी लाए हैं नए साल का कैलेंडर तो उसे सही दिशा में टांगे, जानें यहां कैलेंडर टांगने के लिए शुभ दिशा घर में कौन-कौन सी हो सकती है.

वास्तु शास्त्र के अनुसार, कैलेंडर टांगने के लिए भी कुछ सही दिशा होती है. यदि आप गलत दिशा या स्थान में कैलेंडर लटकाते हैं तो इसका आपकी जिंदगी पर बड़ा नेगेटिव प्रभाव पड़ सकता है. अगर कैलेंडर को सही दिशा में टांगें तो शुभ होता है. अच्छा भाग्य, सफलता और समृद्धि आती है.

पूर्व दिशा: साल की नई शुरुआत हो चुकी है और आप अपने घर में नए कैलेंडर लगाने के लिए लाए हैं तो कैलेंडर को पूर्व दीवार पर टांगें. पूर्व दिशा को सूरज की दिशा माना गया है. ये पूर्व दिशा, तरक्की और नयेपन का संकेत देती है. अपने लक्ष्य पाने के लिए मोटिवेशन देने वाले कोट्स या तस्वीरों वाला कैलेंडर इस्तेमाल करें.

उत्तर दिशा: व्यापार में तरक्की और आर्थिक स्थिति सुधारने के लिए कैलेंडर को उत्तर की दीवार पर लगाएं. उत्तर दिशा, जो चुंबकीय ध्रुव की दिशा है, स्थिरता और समृद्धि का संकेत देती है. व्यापार से जुड़ी ऊर्जा बढ़ाने के लिए प्रोफेशनल या सिंपल डिजाइन वाला कैलेंडर इस्तेमाल करें.
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उत्तर-पूर्व: आध्यात्मिक विकास और खुद की जागरूकता बढ़ाने के लिए कैलेंडर को उत्तर-पूर्व की दीवार पर लगाएं. उत्तर-पूर्व दिशा आध्यात्मिक जागरूकता, आत्म-विश्लेषण और व्यक्तिगत विकास का संकेत देती है. मन की स्थिति को बेहतर बनाने के लिए आध्यात्मिक प्रेरणा देने वाले उद्धरण या तस्वीरों वाला कैलेंडर इस्तेमाल करें.

दक्षिण-पश्चिम: रिश्तों को मजबूत करने और प्यार बढ़ाने के लिए कैलेंडर को दक्षिण-पश्चिम दीवार पर लगाएं. यह दिशा प्यार और रिश्तों की है, जो अपनापन और जुड़ाव को दर्शाती है. प्यार या दिल को छूने वाली तस्वीरों के साथ कैलेंडर लगाने से सकारात्मक ऊर्जा बढ़ती है.

पश्चिम: अपनी क्रिएटिविटी बढ़ाने और नए आइडियाज पाने के लिए कैलेंडर को पश्चिम की दीवार पर लगाएं. पश्चिम दिशा क्रिएटिविटी और मोटिवेशन की दिशा मानी जाती है, ये कला और कल्पना को दर्शाती है. अगर आप अपनी क्रिएटिव एनर्जी बढ़ाना चाहते हैं तो ऐसे कैलेंडर का इस्तेमाल करें जिसमें आर्ट या इमेजिनेशन से जुड़ी डिजाइन हो.

हर दिशा के हिसाब से कैलेंडर चुनकर लगाना जरूरी है. अगर गलत दिशा में कैलेंडर लगाया जाए तो नकारात्मक ऊर्जा बढ़ सकती है और घर में परेशानियां आ सकती हैं, इसलिए सही दिशा का चुनाव करें. वास्तु शास्त्र के अनुसार, कभी भी घर में दक्षिण दिशा में कैलेंडर नहीं लगाना चाहिए, क्योंकि माना जाता है कि यह तरक्की में रुकावट डालता है. परिवार के स्वास्थ्य पर बुरा असर डाल सकता है. साथ ही दरवाजों/खिड़कियों के ऊपर भी कैलेंडर न लटकाएं, क्योंकि इससे पॉजिटिव एनर्जी का फ्लो बाधित होता है. आप इसके बारे में किसी ज्योतिषाचार्य से जानकारी ले सकते हैं.