एक तरफ होता था धंधा, दूसरी तरफ बिकती थी शराब, गंदे माहौल में पला-बढ़ा 300 फिल्में करने वाला दिग्गज स्टार
Last Updated:
बॉलीवुड का वो सितारा जो कॉमेडी से लेकर नेगेटिव रोल तक हर किरदार पूरी शिद्दत से अदा करता था. वो बिना डायलॉग्स के दर्शकों के दिलों पर कब्जा कर लेते थे. ये सितारा कादर खान हैं. आज एक्टर की पुण्यतिथि है. कादर खान ने गरीबी और कठिन बचपन के बावजूद 300 से ज्यादा फिल्मों में अभिनय और 250 से अधिक फिल्मों में डायलॉग लिखे. उनका बचपन संघर्षपूर्ण था, लेकिन मां के हौसले से वे पढ़-लिखकर बॉलीवुड में खास पहचान बना सके.
कादर खान और गोविंदा की एआई से बनाई फोटो.नई दिल्ली. स्क्रीन पर चाहे कॉमेडी हो या गंभीर रोल, बॉलीवुड का ये स्टार हर तरह के रोल को पर्दे पर कुछ ऐसे अदा करते थे कि वो किरदार खुद ही बोल उठता था. कादर खान ऐसे अभिनेता थे जो आंखों से अदायगी करते थे. उनके चेहरे के एक्सप्रेशन में इतनी ताकत होती थी कि डायलॉग बोलने की जरूरत ही नहीं होती थी, लेकिन जब वे बोलते थे तो किरदार जीवंत हो उठता था. आज दिग्गज अभिनेता की पुण्यतिथि है और इस मौके पर हम आपको बताएंगे कि पर्दे पर सभी को हंसाने वाले अभिनेता का बचपन कितना मुश्किल और दर्दनाक रहा था.
300 से ज्यादा फिल्मों में काम करने वाले और 250 से ज्यादा फिल्मों में डायलॉग लिखने वाले कादर खान एक गरीब परिवार से थे, जिन्हें ये नहीं पता होता था कि सुबह के खाने के बाद शाम का खाना मिलेगा या नहीं. कादर खान का परिवार अफगानिस्तान में रहता था और जैसे-तैसे अपना गुजारा कर रहा था, लेकिन कादर खान के जन्म के बाद वे मुंबई आ गए. दरअसल, कादर खान से पहले उनके तीन भाई थे, जिनकी मौत 8 साल की उम्र होने तक हो चुकी थी. इसके बाद, अभिनेता के जन्म के बाद उनकी मां के मन में डर बैठ गया था कि वे उन्हें भी खो देंगी. ऐसे में वे उन्हें मुंबई ले आईं.
1 साल की उम्र में कादर खान को लेकर भाग आई थीं मां
एक इंटरव्यू में कादर खान ने खुद खुलासा किया था कि जब वे 1 साल के थे तब उनकी मां कामाठीपुरा लेकर आई थी. उन्होंने कहा था कि मैं बहुत गंदे माहौल में पला-बड़ा. एक तरफ वैश्यावृत्ति होती थी और दूसरी तरफ शराब की दुकानें खुले में चलती थीं. किसी शहर में आकर कमाना मेरे मां और पिता दोनों के लिए मुश्किल हो रहा था, पिता घर का खर्चा नहीं उठा पा रहे थे, जिसकी वजह से मेरे माता-पिता का तलाक हो गया.
कादर खान
पैसों की तंगी में गुजरा बचपन
माता-पिता के तलाक के बाद अभिनेता के नाना ने उनकी मां की दूसरी शादी करा दी. अभिनेता का कहना था कि मैं उस वक्त एक मां और दो पिता के बीच पिस रहा था. सौतेले पिता कारपेंटर थे लेकिन काम नहीं करना चाहते थे. वे मुझे मेरे पिता के पास पैसे मांगने के लिए भेजते थे. मेरे सगे पिता का कहना था कि अगर पैसे ही होते तो तलाक क्यों होता.
कादर खान का भीग मांगकर गुजरा बचपन
अभिनेता ने छोटी सी उम्र से ही अपने परिवार को सहारा देना शुरू कर दिया था. जिस मस्जिद में उनके पिता नमाज पढ़ते थे, वहां घर का चूल्हा जलाने के लिए अभिनेता भीख भी मांगते थे. हालांकि अभिनेता की मां द्वारा दी गई हिम्मत और भरोसे की वजह से ही वे पढ़-लिखकर कादर खान बने.
कादर खान ने बाद में फिल्मी दुनिया में अपनी अलग पहचान बनाई. उनके अभिनय में उनके गुजरे वक्त की छाप और संजीदगी थी. उनको डायलॉग जमीन से जुड़े हुए और सोचने पर मजबूर करने वाले थे. कादर खान ने अपनी हरफनमौला प्रतिभा से बॉलीवुड में शानदार काम किया और विभिन्न किरदार अदा किए.
About the Author
प्रांजुल सिंह 3.5 साल से न्यूज18 हिंदी से जुड़ी हुई हैं. उन्होंने Manorama School Of Communication (MASCOM) से जर्नलिज्म और मास कम्यूनिकेशन में डिप्लोमा किया है. वो 2.5 साल से एंटरटेनमेंट डेस्क पर काम कर रही है…और पढ़ें