तेलंगाना सर्व पिंडी रेसिपी और लाभ | Sarva Pindi Telangana Recipe & Health Benefits
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Sarva Pindi Telangana Recipe: ‘सर्व पिंडी’ तेलंगाना का एक प्रसिद्ध और स्वास्थ्यवर्धक व्यंजन है. जो चावल के आटे. मूंगफली और मसालों से तैयार किया जाता है. इसे अलग-अलग जिलों में सिद्दिपेट और वारंगल में अलग नामों से जाना जाता है. यह डिश कम तेल में धीमी आंच पर पकाई जाती है. जिससे यह कुरकुरी और पौष्टिक बनी रहती है. प्रोटीन से भरपूर होने के कारण यह नाश्ते का एक बेहतरीन विकल्प है. सोशल मीडिया और फूड व्लॉगर्स के माध्यम से अब यह पारंपरिक डिश तेलंगाना से बाहर राष्ट्रीय स्तर पर भी अपनी पहचान बना रही है.
हैदराबाद. भारत अपनी विविध खाद्य संस्कृति के लिए विश्वभर में जाना जाता है. दक्षिण भारतीय राज्य तेलंगाना का ‘सर्व पिंडी’ इसी विविधता का एक शानदार उदाहरण है. चावल के आटे और मूंगफली से बना यह नमकीन गोलाकार पैनकेक न केवल स्वादिष्ट है. बल्कि इसके नाम और बनाने के तरीके के पीछे एक दिलचस्प भाषाई इतिहास भी छिपा है. वर्तमान में यह व्यंजन अपनी पौष्टिकता के कारण न केवल ग्रामीण इलाकों में बल्कि बड़े शहरों के आधुनिक रसोईघरों तक भी पहुंच चुका है.
तेलंगाना के विभिन्न जिलों में इस व्यंजन को अलग-अलग नामों से पुकारा जाता है. जहाँ सिद्दिपेट में इसे ‘सर्व पिंडी’ कहा जाता है. वहीं वारंगल जिले में इसे ‘तप्पला चेक्का’ के नाम से पहचान मिली है. तेलुगु भाषा में ‘गंजू’ का अर्थ बर्तन या गोल कटोरा होता है और ‘पिंडी’ का अर्थ आटा है. इस व्यंजन को ‘गंजू पिंडी’ भी कहा जाता है. जिसका सीधा मतलब है चावल का वह आटा जिसे एक गोल तवे या गहरे बर्तन की दीवारों पर चिपकाकर धीमी आंच पर पकाया जाता है.
सामग्री और सेहत का खजाना
सर्व पिंडी स्वाद के साथ-साथ सेहत का भी खजाना है. इसकी मुख्य सामग्री में चावल का आटा. चने की दाल और मूंगफली शामिल है. जो इसे कुरकुरापन और भरपूर प्रोटीन प्रदान करते हैं. स्वाद बढ़ाने के लिए इसमें तिल. अदरक-लहसुन का पेस्ट. हरी मिर्च. करी पत्ता और नमक का प्रयोग किया जाता है. इसमें इस्तेमाल होने वाले मसाले पाचन में सहायक होते हैं और इसे एक संतुलित आहार बनाते हैं.
बनाने की अनोखी विधि
इसे बनाने का तरीका अन्य पैनकेक से बिल्कुल अलग है. आटे को मसालों के साथ गूंथने के बाद इसे एक गहरे और ठंडे बर्तन की सतह पर फैलाया जाता है. इसके बीच-बीच में छोटे छेद किए जाते हैं जिनमें तेल डाला जाता है. ताकि यह समान रूप से सिक सके और एकदम कुरकुरा बने. तेलंगाना के ग्रामीण इलाकों में इसे नाश्ते या शाम के स्नैक्स के तौर पर खाया जाता है. यह कम तेल में बनने वाला एक हल्का लेकिन पेट भरने वाला भोजन है.
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Vicky Rathore is a multimedia journalist and digital content specialist with 8 years of experience in digital media, social media management, video production, editing, content writing, and graphic, A MAJMC gra…और पढ़ें