8.56 मिनट की वो कव्वाली, इश्क में चढ़ा सूफियाना रंग, 95 बार हुआ 1 ही शब्द का इस्तेमाल
फिल्म ‘ये दिल आशिकाना’ की मशहूर कव्वाली ‘अल्लाह अल्लाह’ सिर्फ एक गाना नहीं, बल्कि रूहानी एहसास है, जिसमें भक्ति, प्रेम और सूफियाना जुनून एक साथ बहता नजर आता है. यह कव्वाली सुनते ही दिल और दिमाग दोनों पर एक अलग ही असर छोड़ती है. साबरी ब्रदर्स की दमदार आवाज में गहराई और रूहानियत है, वहीं सोनू निगम और अलका याग्निक की गायकी इसमें इमोशनल मिठास जोड़ देती है. गाने में इश्क को इबादत के रूप में पेश किया गया है, जहां मोहब्बत और खुदा के बीच की दूरी मिटती हुई महसूस होती है. इसकी धुन और बोल श्रोता को आध्यात्मिक सुकून की दुनिया में ले जाते हैं. आज भी ‘अल्लाह अल्लाह’ बजते ही सूफी संगीत, आस्था और सच्चे प्यार का अनोखा संगम सामने आ जाता है, जो इसे हमेशा के लिए यादगार बना देता है. इस गाने में ‘अल्लाह’ शब्द का इस्तेमाल 95 बार किया गया है.