विदेशों तक पहुंची राम मंदिर की गूंज, अब त्रिनिदाद और टोबैगो में बनेगी ‘मिनी अयोध्या’
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Ayodhya News: अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के बाद देश-विदेश से लाखों भक्त दर्शन के लिए आ रहे हैं. वहीं उत्तर भारत की पावन नगरी अयोध्या के बाद अब कैरेबियाई देश त्रिनिदाद और टोबैगो में भव्य राम मंदिर का निर्माण किया जाएगा, जिसे ‘मिनी अयोध्या’ के रूप में विकसित किया जाएगा.
अयोध्या: अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण के बाद अब प्रभु श्रीराम की आस्था और भारतीय संस्कृति की गूंज सात समंदर पार सुनाई देने जा रही है. उत्तर भारत की पावन नगरी अयोध्या के बाद अब कैरेबियाई देश त्रिनिदाद और टोबैगो में भव्य राम मंदिर का निर्माण किया जाएगा, जिसे ‘मिनी अयोध्या’ के रूप में विकसित किया जाएगा. इस महत्वपूर्ण पहल की जानकारी रामलला के दर्शन-पूजन के लिए अयोध्या पहुंचे जयपुर फुट यूएसए के चेयरमैन और प्रवासी भारतीय प्रेम भंडारी दी है.
प्रेम भंडारी ने बताया कि त्रिनिदाद और टोबैगो में प्रस्तावित राम मंदिर के लिए प्रभु श्रीराम की प्रतिमा पहले ही वहां भेजी जा चुकी है. यह प्रतिमा अयोध्या में विराजमान रामलला की प्रतिमा से अत्यंत मिलती-जुलती है, जिससे वहां के राम भक्तों को अयोध्या जैसा आध्यात्मिक अनुभव प्राप्त हो सकेगा. उन्होंने कहा कि इस मंदिर का मुख्य उद्देश्य उत्तरी अमेरिका और कैरेबियाई देशों में निवास कर रहे लाखों राम भक्तों को एक सशक्त आध्यात्मिक और सांस्कृतिक केंद्र उपलब्ध कराना है.
40 हिंदू संगठन निभा रहे भागीदारी
प्रेम भंडारी के अनुसार, यह परियोजना केवल एक मंदिर निर्माण तक सीमित नहीं है, बल्कि इसे ‘मिनी अयोध्या’ के रूप में विकसित किया जाएगा. मंदिर परिसर में धार्मिक, सांस्कृतिक और सामाजिक गतिविधियों के लिए विशेष व्यवस्थाएं की जाएंगी, ताकि आने वाली पीढ़ियां भारतीय संस्कृति, सनातन परंपरा और प्रभु श्रीराम के आदर्शों से जुड़ी रह सकें. इस परियोजना को स्थानीय सरकार का सहयोग प्राप्त होगा और इसमें लगभग 40 हिंदू संगठन सक्रिय रूप से भागीदारी निभा रहे हैं.
अयोध्या आकर उन्हें जो आत्मिक शांति
रामलला के दर्शन के बाद भावुक हुए प्रेम भंडारी ने कहा कि अयोध्या आकर उन्हें जो आत्मिक शांति और ऊर्जा मिली है, वही भावना वे विदेशों में बसे भारतीयों और राम भक्तों तक पहुंचाना चाहते हैं .उन्होंने कहा कि त्रिनिदाद और टोबैगो में बनने वाला यह राम मंदिर भारतीय संस्कृति और सनातन परंपरा को वैश्विक मंच पर और अधिक सशक्त करेगा.
सांस्कृतिक संबंधों को देगा मजबूती
उन्होंने यह भी कहा कि यह मंदिर न केवल धार्मिक आस्था का केंद्र बनेगा, बल्कि भारत और कैरेबियाई देशों के बीच सांस्कृतिक संबंधों को भी मजबूती देगा. ‘मिनी अयोध्या’ के रूप में विकसित होने वाला यह परिसर विश्वभर में बसे हिंदू समाज के लिए एक नई पहचान और गौरव का प्रतीक बनेगा.
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आर्यन ने नई दिल्ली के जामिया मिलिया इस्लामिया से पत्रकारिता की पढ़ाई की और एबीपी में काम किया. उसके बाद नेटवर्क 18 के Local 18 से जुड़ गए.