श्रीदेवी-रेखा-हेमा या जया प्रदा ही नहीं, साउथ इंडिया की ये 4 हसीना भी बनीं बॉलीवुड की क्वीन
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South Indian Beauty Who Became Queen Of Bollywood : बॉलीवुड की चकाचौंध में साउथ इंडियन एक्ट्रेसेस का योगदान हमेशा से विशेष रहा है. क्लासिकल डांस की ग्रेस, बहुमुखी प्रतिभा और स्टार पावर लेकर ये हसीनाएं क्षेत्रीय सीमाओं को पार कर हिंदी सिनेमा की लेजेंड्स बनीं. जानिए कौन-कौन से हैं वो नाम…

नई दिल्ली. श्रीदेवी, रेखा, हेमा मालिनी और जया प्रदा जैसे नाम अक्सर साउथ इंडियन एक्ट्रेसेस की बॉलीवुड सफलता की मिसाल माने जाते हैं. लेकिन हिंदी सिनेमा का इतिहास उठाकर देखें तो साउथ की और भी कई हसीनाओं ने हिंदी फिल्म इंडस्ट्री को नई पहचान और नई चमक दी. भरतनाट्यम की कोमलता, नृत्य की लय, चेहरे की अभिव्यक्ति और अभिनय की गहराई लेकर दक्षिण से आई इन हसीनाओं ने मुंबई के ग्लैमर को अपनी कला से नया रूप दिया. जो सिर्फ बॉलीवुड की हीरोइन नहीं, बल्कि उसकी सच्ची क्वीन साबित हुईं.

इस लिस्ट में सबसे पहला नाम है वैजयंतीमाला का, जो चेन्नई की ट्रेंड भरतनाट्यम डांसर थीं. 1951 में ‘बहार’ से हिंदी डेब्यू करने वाली वैजयंतीमाला ने ‘मधुमति’, ‘नया दौर’ और ‘संगम’ जैसी क्लासिक फिल्मों से बॉलीवुड पर राज किया. उनकी एलिगेंस ने आने वाली हीरोइनों के लिए टेम्प्लेट सेट किया.

केरल की ‘लीजेंडरी ट्रैवैंकोर सिस्टर्स’ में शामिल पद्मिनी ने ‘मेरा नाम जोकर’ (1970) जैसी फिल्म से अपने अभिनय की गहराई दिखाई. उन्होंने बॉलीवुड में क्लासिकल डांस की छाप छोड़ी.
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1970-80 के दशक में दक्षिण भारत से आई हेमा मालिनी बॉलीवुड की प्रमुख स्टार बनकर उभरीं. तमिलनाडु में जन्मी हेमा ‘ड्रीम गर्ल’ बनकर 70 और 80 के दशक पर छाई रहीं. ‘सीता और गीता’, ‘शोले’ और ‘मेहबूबा’ जैसी फिल्मों ने उन्हें सुपरस्टार बनाया.

चेन्नई की भानुरेखा गणेशन उर्फ रेखा ने खुद को रीइन्वेंट कर बॉलीवुड की आइकॉन बनाया. ‘उमराव जान’ से ‘खून भरी मांग’ तक, उनकी रेजिलिएंस आज भी प्रेरणा देती है.

तेलुगु सिनेमा से आई जया प्रदा ने ‘सरगम’ और ‘शराबी’ से 1980 के दशक में धूम मचाई. उनकी एक्सप्रेसिव परफॉर्मेंस ने उन्हें लीडिंग स्टार बनाया.

शायद सबसे बड़ी क्रॉसओवर स्टार श्रीदेवी रहीं, जो तमिल फिल्मों में चाइल्ड आर्टिस्ट से शुरू कर ‘सदमा’, ‘मिस्टर इंडिया’, ‘चांदनी’ और ‘लम्हे’ से बॉलीवुड क्वीन बनीं. ग्लैमर और न्यूएंस्ड एक्टिंग का परफेक्ट बैलेंस उन्हें लेजेंड बना दिया.

तमिल की असिन थोट्टुमकल ने ‘गजिनी’ के हिंदी रीमेक से एंट्री की और ‘रेडी’, ‘हाउसफुल 2’ से पॉपुलर हुईं.

दीपिका पादुकोण का नाम भी इसी लिस्ट में शामिल है. शांति ओम’ (2007) से शुरुआत कर आज बॉलीवुड की सबसे बड़ी सितारों में शुमार हैं. ‘चेन्नई एक्सप्रेस’, ‘पद्मावत’ और ‘पीकू’ जैसी फिल्मों ने उनकी क्रॉसओवर सफलता की कहानी को और पुख्ता किया है.