smart meter news up | pm surya ghar yojana | यूपी में स्मार्ट मीटर
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Electricity Bill Kaise Kam Kare: पश्चिमी उत्तर प्रदेश के मेरठ में बिजली विभाग ने स्मार्ट मीटरों को प्रीपेड मोड पर डाल दिया है, जिससे उन उपभोक्ताओं की मुश्किलें बढ़ गई हैं जिनका बिल लंबे समय से बकाया था. प्रीपेड होते ही जिन उपभोक्ताओं का बैलेंस माइनस में गया, उनकी बिजली ऑटोमैटिक काट दी गई है. अब बिजली जुड़वाने के लिए न केवल पिछला बकाया बल्कि एडवांस पेमेंट भी जमा करना पड़ रहा है. इस समस्या से निपटने के लिए मेरठ के परियोजना प्रभारी प्रमोद भूषण शर्मा ने उपभोक्ताओं को पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना से जुड़ने की सलाह दी है. इस योजना को अपनाकर उपभोक्ता न केवल भारी-भरकम बिलों से आजादी पा सकते हैं, बल्कि भविष्य में बिजली विभाग से कमाई भी कर सकते हैं.
मेरठ: पश्चिमी उत्तर प्रदेश के मेरठ में बिजली उपभोक्ताओं के लिए इन दिनों स्मार्ट मीटर चर्चा और चिंता का विषय बने हुए हैं. विभाग द्वारा स्मार्ट मीटरों को प्रीपेड मोड में बदलने के कारण अब उपभोक्ताओं को पहले रिचार्ज करना पड़ता है, तभी वे बिजली का इस्तेमाल कर पा रहे हैं. खासकर वे उपभोक्ता ज्यादा परेशान हैं जिनका पिछला बकाया काफी ज्यादा था, क्योंकि प्रीपेड सिस्टम लागू होते ही उनकी बिजली ऑटोमैटिक कट गई है.
ऐसी स्थिति में मेरठ के परियोजना प्रभारी प्रमोद भूषण शर्मा ने उपभोक्ताओं को एक स्थाई समाधान सुझाया है. उन्होंने कहा कि बिजली विभाग पर निर्भर रहने के बजाय अगर लोग ‘पीएम सूर्य घर मुफ्त योजना’ की ओर कदम बढ़ाएं, तो उनका बिजली का बिल हमेशा के लिए शून्य हो सकता है.
परियोजना प्रभारी प्रमोद भूषण शर्मा ने लोकल-18 से खास बातचीत में बताया कि उपभोक्ता अपने वर्तमान लोड (किलोवाट) के बराबर ही सौर ऊर्जा कनेक्शन के लिए आवेदन कर सकते हैं. इस योजना के तहत सरकार भारी भरकम सब्सिडी दे रही है. अगर आप 2 किलोवाट का सिस्टम लगाते हैं, तो आपको 90,000 रुपये तक की सहायता मिलेगी. वहीं, अधिकतम 3 किलोवाट के कनेक्शन पर सरकार 1,08,000 रुपये तक की सब्सिडी दे रही है, जो आवेदन के महज 30 दिनों के भीतर उपभोक्ता के खाते में आ जाएगी.
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बिल भरने की टेंशन खत्म, अब विभाग से मिलेगा पेमेंट
इस योजना की सबसे दिलचस्प बात यह है कि यह आपको सिर्फ फ्री बिजली ही नहीं देती, बल्कि कमाई का जरिया भी बनती है. प्रमोद भूषण शर्मा के अनुसार, अगर आप अपनी जरूरत से ज्यादा बिजली पैदा करते हैं, तो वह ‘ग्रिड’ में वापस चली जाएगी. इसके बदले में विभाग आपको भुगतान करेगा. यानी जो उपभोक्ता अब तक बिजली का बिल भरते थे, वे अब सोलर पैनल लगाकर विभाग से पैसा लेने वाले बन जाएंगे.
पैसे की कमी आड़े नहीं आएगी, बैंक देंगे सस्ता लोन
अगर किसी उपभोक्ता के पास सोलर पैनल लगवाने के लिए एकमुश्त मोटी रकम नहीं है, तो उन्हें घबराने की जरूरत नहीं है. सरकार ने इसके लिए बैंकों के साथ तालमेल किया है. उपभोक्ता पीएम सूर्य घर योजना के तहत विभिन्न बैंकों में लोन के लिए आवेदन कर सकते हैं. खास बात यह है कि इसके लिए सालाना महज 5% की दर से बेहद सस्ता ब्याज देना होगा, जिससे आम आदमी पर आर्थिक बोझ नहीं पड़ेगा.
स्मार्ट मीटर की सख्ती और प्रीपेड का संकट
मेरठ में बिजली विभाग ने स्मार्ट मीटरों को प्रीपेड में बदलकर सख्ती बढ़ा दी है. जिन उपभोक्ताओं का बैलेंस माइनस में गया है, उनकी लाइट तुरंत काट दी गई है. जिन लोगों पर एक-एक लाख रुपये तक का पुराना बकाया था, उन्हें अब पूरा बिल भरने के साथ-साथ एडवांस रिचार्ज भी करना पड़ रहा है, तभी उनकी बिजली वापस जुड़ रही है. ऐसे में बड़ी संख्या में लोग परेशान हैं क्योंकि उन्होंने लंबे समय से बिल जमा नहीं किया था. विभाग के लिए तो यह बकाया वसूली का अच्छा जरिया बन गया है, लेकिन जनता के लिए ‘पीएम सूर्य घर मुफ्त योजना’ ही अब सबसे बेहतर और सस्ता विकल्प साबित हो सकती है.
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सीमा नाथ पांच साल से मीडिया के क्षेत्र में काम कर रही हैं. शाह टाइम्स, उत्तरांचल दीप, न्यूज अपडेट भारत के साथ ही लोकल 18 (नेटवर्क18) में काम किया है. वर्तमान में मैं News18 (नेटवर्क18) के साथ जुड़ी हूं, जहां मै…और पढ़ें