Vaishno Devi Yatra । Chaitra Navratri । माता वैष्णो देवी के दरबार में आस्था का सैलाब, चैत्र नवरात्रि में रिकॉर्ड भीड़, कटरा में तिल रखने की जगह नहीं
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21 मार्च की शाम को कटरा में भीड़ का दबाव इतना ज्यादा बढ़ गया कि प्रशासन को निर्धारित समय (रात 10 बजे) से 4 घंटे पहले ही यात्रा पर्ची रजिस्ट्रशन पर रोक लगानी पड़ी. हालांकि, 22 मार्च सुबह 4 बजे इसे फिर से शुरू कर दिया गया. चैत्र नवरात्रि के पावन अवसर पर माता वैष्णो देवी के दरबार में भक्ति और आस्था का ऐसा जनसैलाब उमड़ पड़ा है कि त्रिकुटा की पहाड़ियां ‘जय माता दी’ के जयकारों से गूंज उठी हैं.

चैत्र नवरात्रि को लेकर वैष्णो देवी की यात्रा के लिए भक्तों की काफी भीड़ उमड़ पड़ी है.
जम्मू. जम्मू-कश्मीर के रियासी जिले में स्थित माता वैष्णो देवी मंदिर के बेस कैंप कटरा में रविवार को तीर्थयात्रियों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी. श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड (एसएमवीडीएसबी) के कार्यालय ने रविवार को बताया कि श्री माता वैष्णो देवी श्राइन के बेस कैंप कटरा में भक्तों की भारी भीड़ देखने को मिल रही है. 30 हजार से अधिक तीर्थयात्री पवित्र गुफा की यात्रा करने के लिए रवाना हो चुके हैं.
भक्तों की संख्या में यह बढ़ोतरी चल रहे चैत्र नवरात्रि उत्सव के कारण हुई है, जिसके चलते पूरे देश से हजारों भक्त माता वैष्णो देवी का आशीर्वाद लेने के लिए यहां आ रहे हैं. भारी भीड़ के बावजूद यात्रा व्यवस्थित तरीके से आगे बढ़ रही है. अधिकारी भीड़ पर कड़ा नियंत्रण बनाए हुए हैं और यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि तीर्थयात्रियों के लिए सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध हों.
भक्त इस क्षेत्र की समग्र व्यवस्थाओं की सराहना कर रहे हैं. भक्तों का कहना है कि पूरे क्षेत्र में लगे साइनबोर्ड और जानकारी देने वाले डिस्प्ले में काफी सुधार हुआ है. इससे पहले, शनिवार शाम यात्रा के पंजीकरण में अस्थायी रोक के बाद रविवार सुबह 4 बजे पंजीकरण प्रक्रिया फिर से शुरू हो गई. कटरा में भक्तों की भारी आमद के कारण, पंजीकरण प्रक्रिया को अपने निर्धारित समापन समय (रात 10 बजे) से लगभग चार घंटे पहले ही रोक दिया गया था. इस रोक के बावजूद, तीर्थयात्रा पूरी रात बिना किसी रुकावट के सुचारू रूप से चलती रही.
अधिकारियों ने बताया कि नवरात्रि शुरू होने के बाद से अब तक लगभग 1 लाख भक्तों ने पवित्र गुफा मंदिर में दर्शन किए हैं. भक्तों की भारी संख्या को संभालने के लिए अधिकारियों ने भीड़ नियंत्रण के पुख्ता उपाय लागू किए हैं और सभी तीर्थयात्रियों के लिए एक सुरक्षित और व्यवस्थित अनुभव सुनिश्चित करने हेतु आवश्यक व्यवस्थाएं की हैं. त्रिकुटा पहाड़ियों की चोटी पर स्थित इस मंदिर में हर साल 1 करोड़ से अधिक तीर्थयात्री आते हैं, और एसएमवीडीएसबी, श्राइन बोर्ड के प्रमुख लेफ्टिनेंट गवर्नर मनोज सिन्हा के मार्गदर्शन और देखरेख में, मंदिर के कार्यों का कुशलतापूर्वक प्रबंधन कर रहा है.
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राकेश रंजन कुमार को डिजिटल पत्रकारिता में 10 साल से अधिक का अनुभव है. न्यूज़18 के साथ जुड़ने से पहले उन्होंने लाइव हिन्दुस्तान, दैनिक जागरण, ज़ी न्यूज़, जनसत्ता और दैनिक भास्कर में काम किया है. वर्तमान में वह h…और पढ़ें