चौबीस घंटे जलती ज्योति के साथ गोंडा का मां भगवती मंदिर,जहां मांगी गई हर मन्नत होती है पूरी
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गोंडा के मां भगवती मंदिर में श्रद्धालुओं की आस्था का अद्भुत संगम देखने को मिलता है. यहां हर दिन भक्त अपनी मनोकामनाओं और परेशानियों के समाधान के लिए आते हैं. मंदिर की 24 घंटे जलती ज्योति और शांत वातावरण लोगों को शांति और सुकून प्रदान करता है. वर्षों से चली आ रही पूजा-अर्चना और नवरात्रि के दौरान भजन-कीर्तन, कन्या पूजन और विशाल भंडारे इसे भक्तों के लिए विशेष बनाते हैं. कई भक्तों की मन्नतें पूरी हुई हैं, जिसमें IAS चयन, नौकरी और स्वास्थ्य से जुड़ी इच्छाएं शामिल हैं.
गोंडा. उत्तर प्रदेश के गोंडा नगर में स्थित मां भगवती मंदिर लोगों की आस्था का बड़ा केंद्र बना हुआ है. यहां हर दिन सैकड़ों श्रद्धालु दर्शन करने पहुंचते हैं. खास बात यह है कि लोगों का मानना है कि यहां सच्चे मन से मांगी गई हर मन्नत पूरी होती है. मंदिर में आने वाले भक्त बताते हैं कि वे अपनी परेशानियों और इच्छाओं को लेकर मां भगवती के दरबार में आते हैं और मां उनकी सुनती हैं. कई श्रद्धालुओं का कहना है कि उनकी मनोकामनाएं पूरी होने के बाद वे दोबारा यहां आकर दर्शन करते हैं और साथ चढ़ाते हैं. लोकल 18 से बातचीत के दौरान भगवती मंदिर के पुजारी पंडित शिव शास्त्री बताते हैं कि इस मंदिर की विशेषता यह है कि यहां पर 24 घंटे एक ज्योति जलती है. यदि उसे ज्योत का दर्शन कर लिया जाए तो माता रानी सारी मनोकामना पूरी करती हैं. यहां पर ज्योति दर्शन का विशेष महत्व है. स्थानीय लोगों के अनुसार यहां सालों से पूजा-अर्चना की परंपरा चली आ रही है. खासकर नवरात्रि के समय यहां भारी भीड़ देखने को मिलती है. महिलाओं के द्वारा भजन कीर्तन नवरात्रि में शाम 3:00 बजे से 5:00 बजे तक किया जाता है. दूर-दराज के गांवों और शहरों से भी लोग यहां पहुंचते हैं.
देवी भक्ति मोनिका भाटिया का कहना है कि मंदिर का माहौल बहुत ही शांत और भक्तिमय होता है, जिससे मन को सुकून मिलता है. सुबह और शाम की आरती में शामिल होने के लिए बड़ी संख्या में लोग जुटते हैं. उन्होंने बताया कि कई वर्षों से हम भगवती मंदिर आते हैं और माता रानी ने हमारी सारी मनोकामना पूरी की है. मोनिका भाटिया बताती है कि हमारे बीच की एक बहन की बेटी IAS वैष्णवी पाल जो की गोंडा की रहने वाली थी और वह प्रत्येक दिन माता जी की पूजा आराधना करती थी और दर्शन करती थी और वह नवरात्रि में सबसे आगे बैठकर माता जी का दर्शन करती थी और उसका सिलेक्शन IAS में हो गया. मोनिका भाटिया बताती है कि हमने अपने एक करीबी मित्र को इस मंदिर के बारे में बताया और उसने पूरी श्रद्धा भाव से 40 दिन तक आकर माता रानी का दर्शन किया और माता रानी की कृपा से उसको पुत्र रत्न की प्राप्ति हुई.
एक भक्त का कैंसर भी हुआ सही
भक्ति नीता लालवानी बताती है कि हम पिछले 20 साल से मां भगवती मंदिर पर आती हूं दर्शन करती हूं और पूजा आराधना करती हूं. माता रानी ने हमारी सारी मनोकामना पूरी की है. यहां 101 कन्याओं का कन्या पूजन भी किया जाता है और साथ में नवमी के दिन विशाल भंडारे का आयोजन होता है. मनोकामना पूरी होने के बाद मां भगवती मंदिर में भक्तों द्वारा जागरण और कीर्तन कराया जाता है. माना जाता है कि मेरी यह मन्नत पूरी होगी तो हम नवरात्र में यहां पर कीर्तन और भजन कराएंगे. भक्ति अनुपम पांडेय बताती हैं कि बताती है कि जब से इस मंदिर का निर्माण हुआ है तब से हम प्रतिदिन मां भगवती मंदिर में आकर दर्शन करती थी और हमको टीचर बनने का शौक था बीच में हमको लगा कि हमको नौकरी नहीं मिल पाएगी. फिर माता रानी का ऐसा कृपा हुआ की 2016 में हमारा सिलेक्शन हो गया और हम सहायक अध्यापक के पद पर कार्य कर रही हूं.
मां भवानी मंदिर एवं धर्मशाला पंजाबी सेवा समिति के अध्यक्ष जितेंद्र भाटिया बताते हैं कि इस मंदिर का निर्माण 7 फरवरी सन 2000 में हुआ है. पिछले 2 साल से मैं इस मंदिर में सेवा कर रहा हूं और मुझको कैंसर हो गया था. माता रानी की ऐसी कृपा हुई कि अभी हाल में ही तब हमने जांच कराया तो कैंसर नॉर्मल था डॉक्टर हैरान हो गए और डॉक्टर ने कहा कि ऐसा कैसे हो सकता है. आपको तो कैंसर था फिर मैं डॉक्टर को पूरी बात बताई और माता रानी की कृपा है कि हम इस समय पूरी तरीके से ठीक है.
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नमस्ते मेरा नाम मोनाली है, पेशे से पत्रकार हूं, ख़बरें लिखने का काम है. लेकिन कैमरे पर समाचार पढ़ना बेहद पसंद है. 2016 में पत्रकारिता में मास्टर्स करने के बाद पांच साल कैमरे पर न्यूज़ पढ़ने के साथ डेस्क पर खबरे…और पढ़ें