Kepler Wessels no duck in odi record: दुनिया का इकलौता क्रिकेटर जिसने खेले 100 से ज्यादा वनडे, लेकिन कभी 0 पर नहीं हुआ आउट
Last Updated:
Kepler Wessels unique duck record: क्रिकेट की दुनिया में कई ऐसे रिकॉर्ड्स हैं जो सुनने में नामुमकिन से लगते हैं, लेकिन केप्लर वेसल्स (Kepler Wessels) का नाम एक ऐसे ही अद्वितीय और अविश्वसनीय कीर्तिमान के साथ जुड़ा है. वे दुनिया के इकलौते ऐसे बल्लेबाज हैं, जिन्होंने 100 से अधिक वनडे (ODI) मैच खेले, लेकिन अपने पूरे करियर में वे कभी भी 0 पर आउट नहीं हुए.

केप्लर वेसेल्स वनडे करियर में कभी 0 पर नहीं हुए आउट.
नई दिल्ली. वनडे क्रिकेट में सबसे ज्यादा बार डक का शिकार होने का अनचाहा रिकॉर्ड श्रीलंका के दिग्गज बल्लेबाज सनथ जयसूर्या के नाम है. 445 वनडे मैचों में वह 433 बार बैटिंग के लिए उतरे, जिसमें 34 बार बिना खाता खोले ही आउट हो गए. शाहिद अफरीदी, महेला जयवर्धने जैसे कई अन्य दिग्गज क्रिकेटर भी इस लिस्ट में शामिल हैं, लेकिन इसके इतर एक क्रिकेटर ऐसा भी है, जो 100 से ज्यादा वनडे मैच खेलते हुए कभी 0 पर आउट नहीं हुआ. आमतौर पर क्रिकेट जैसे अनिश्चितताओं से भरे खेल में बड़े-बड़े दिग्गज भी कभी न कभी ‘डक’ का शिकार हो ही जाते हैं, लेकिन इस खिलाड़ी ने हर बार क्रीज पर आकर कम से कम एक रन जरूर बनाया. ऐसे गिने चुने ही क्रिकेटर हैं, जो क्रिकेट के इस फॉर्मेट में कभी डक का शिकार नहीं हुए, लेकिन 100 से ज्यादा मैच खेलते हुए इस उपलब्धि को नाम करने वाले यह इकलौता खिलाड़ी है.
दरअसल, यह दुर्लभ उपलब्धि केप्लर वेसल्स (Kepler Wessels) के नाम दर्ज है. वे दुनिया के इकलौते ऐसे बल्लेबाज हैं, जिन्होंने 100 से अधिक वनडे मैच खेले, लेकिन अपने पूरे करियर में वे कभी भी बिना खाता खोले पवेलियन नहीं लौटे. 1983 से 1994 के बीच के अपने इंटरनेशनल करियर के दौरान वेसल्स ने कुल 109 वनडे मैच खेले. इन मैचों की 105 पारियों में बल्लेबाजी करते हुए उन्होंने 3367 रन बनाए, जिसमें एक शतक और 26 अर्धशतक शामिल रहे. ताज्जुब की बात यह है कि वह उस समय में इंटरनेशनल क्रिकेट का हिस्सा रहे, जब एक से एक खतरनाक गेंदबाज मैदान पर होते थे. बावजूद इसके कोई गेंदबाज उन्हें कभी ‘डक’ पर पवेलियन भेजने में कामयाब नहीं हो सका. जहां सचिन तेंदुलकर, विराट कोहली और सर डॉन ब्रैडमैन जैसे महान खिलाड़ी भी कई बार शून्य पर आउट हुए, वहीं वेसल्स का यह रिकॉर्ड अपने आप में बेहद खास है.
केप्लर वेसेल्स वनडे करियर में कभी 0 पर नहीं हुए आउट.
दो देशों के लिए खेला इंटरनेशनल क्रिकेट
शायद फैंस यह जानते हों कि केस्पर वेसेल्स का नाम उन चुनिंदा खिलाड़ियों में शामिल है, जिन्होंने दो देशों के लिए इंटरनेशनल क्रिकेट खेला. उन्होंने ऑस्ट्रेलिया और साउथ अफ्रीका के लिए शानदार प्रदर्शन किया. साउथ अफ्रीका में जन्मे इस क्रिकेटर के इंटरनेशनल करियर की शुरुआत ऑस्ट्रेलिया से हुई. साउथ अफ्रीका में रंगभेद नीति के कारण लगे बैन के चलते अपने जुनून को पूरा करने के लिए वे ऑस्ट्रेलिया चले गए. उन्होंने 1982 में ऑस्ट्रेलिया के लिए डेब्यू किया और अपने पहले ही टेस्ट में शतक जड़कर सनसनी मचा दी. ऑस्ट्रेलिया के लिए उन्होंने 24 टेस्ट मैच खेले और टीम के एक भरोसेमंद सलामी बल्लेबाज बने.
जब 1991 में साउथ अफ्रीका से प्रतिबंध हटा और उसकी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में वापसी हुई, तो वेसल्स अपने वतन लौट आए. उन्हें नई साउथ अफ्रीकी टीम की कमान सौंपी गई. 1992 के वर्ल्ड कप में उन्होंने साउथ अफ्रीका का नेतृत्व किया और टीम को सेमीफाइनल तक पहुंचाया. केप्लर वेसेल्स दोनों देशों के लिए टेस्ट शतक बनाने वाले पहले खिलाड़ी हैं. वहीं, साउथ अफ्रीका के पहले वनडे कप्तान भी केप्लर वेसेल्स ही हैं.
ऐसा रहा इंटरनेशनल करियर
बात करें वेसेल्स के इंटरनेशनल करियर की तो उन्होंने 40 टेस्ट मैच खेले, जिनमें 41 की औसत से 2788 रन बनाए. इस फॉर्मेट में उनके नाम 6 शतक और 15 अर्धशतक दर्ज हैं. वनडे में 109 मैचों में एक शतक और 26 अर्धशतकों के साथ 3367 रन बनाए. फर्स्ट क्लास में उनके शानदार आंकड़े रहे. 316 मैचों में 24000 से ज्यादा रन बनाए. इस दौरान 66 शतक ठोके. वहीं, लिस्ट-ए में 12000 से ज्यादा रन उनके नाम हैं.
About the Author
नवंबर 2025 से नेटवर्क 18 ग्रुप में सब एडिटर के पद पर कार्यरत. पत्रकारिता में 3 साल का अनुभव. जी न्यूज से खेल पत्रकारिता में डेब्यू किया. क्रिकेट के साथ-साथ हॉकी और बैडमिंटन के बारे में भी लिखने में दिलचस्पी. मा…और पढ़ें