होली के बाद महसूस हो रही है सुस्ती और भारीपन? इन आसान डिटॉक्स स्टेप्स से करें शरीर को जल्दी रिकवर
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होली पर मिठाइयों, तले-भुने पकवानों और रंगों की मस्ती के बीच हम अक्सर अपनी सेहत पर ध्यान देना भूल जाते हैं. त्योहार के बाद कई लोगों को भारीपन, गैस, थकान और सुस्ती महसूस होने लगती है. ज्यादा मीठा और ऑयली खाना शरीर में टॉक्सिन्स बढ़ा सकता है, जिससे पाचन और ऊर्जा स्तर प्रभावित होता है. ऐसे में होली के बाद शरीर को डिटॉक्स करना जरूरी हो जाता है, ताकि आप फिर से हल्का, एनर्जेटिक और फिट महसूस कर सकें.

होली का त्योहार मतलब रंग, मस्ती और स्वादिष्ट पकवानों की भरमार. गुजिया, दही भल्ले, नमकीन, मिठाइयां और तरह-तरह के तले-भुने व्यंजन पूरे स्वाद के साथ खाए जाते हैं. लेकिन इन सबके बीच हम यह भूल जाते हैं कि ज्यादा तला-भुना और विरुद्ध आहार शरीर पर भारी पड़ सकता है. होली के बाद अक्सर पेट भारी लगना, गैस, एसिडिटी, सुस्ती और थकान जैसी समस्याएं सामने आने लगती हैं. ऐसे में जरूरी हो जाता है कि शरीर को अंदर से साफ किया जाए ताकि वह दोबारा ऊर्जा से भर सके. आयुर्वेद में कुछ आसान उपाय बताए गए हैं, जिनकी मदद से होली के बाद शरीर को डिटॉक्स किया जा सकता है और पाचन तंत्र को आराम दिया जा सकता है.
डिटॉक्स की शुरुआत सुबह से ही करनी चाहिए. हो सके तो नीम की दातुन का इस्तेमाल करें. नीम में प्राकृतिक एंटीबैक्टीरियल गुण पाए जाते हैं, जो मुंह की सफाई के साथ-साथ शरीर को भी शुद्ध करने में मदद करते हैं. नीम का रस पेट के लिए भी फायदेमंद माना जाता है और यह आंतों में मौजूद हानिकारक बैक्टीरिया को कम करने में सहायक होता है. अगर ताजी दातुन उपलब्ध न हो तो नीम का पाउडर भी इस्तेमाल किया जा सकता है. इसके अलावा सुबह नंगे पैर घास पर टहलना भी बेहद लाभकारी है. इससे शरीर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है और सुस्ती दूर होती है. हल्की सैर पाचन को बेहतर बनाती है और शरीर को एक्टिव रखती है.
शरीर की सफाई के लिए पिएं ये खास पेय
होली के दौरान कई बार केमिकल वाले रंग त्वचा या मुंह के जरिए शरीर में चले जाते हैं, जो नुकसान पहुंचा सकते हैं. ऐसे में शरीर को अंदर से साफ करना बेहद जरूरी है. दिन में नारियल पानी पीना फायदेमंद रहता है. यह शरीर को हाइड्रेट रखता है और विषैले तत्वों को बाहर निकालने में मदद करता है. इसके साथ हल्दी वाला गुनगुना पानी भी लाभकारी है. हल्दी में एंटीइंफ्लेमेटरी और एंटीऑक्सीडेंट गुण होते हैं, जो शरीर को अंदर से शुद्ध करने में सहायक होते हैं. ये दोनों पेय शरीर के अंगों को आराम देने और उनकी कार्यक्षमता को बेहतर बनाने में मदद करते हैं.
पेट को दें आराम, खाएं हल्का भोजन
होली के बाद सबसे ज्यादा असर पाचन तंत्र पर पड़ता है. इसलिए अगले दिन हल्का और सुपाच्य भोजन करना बेहतर होता है. नाश्ते में ताजे फलों का सेवन करें. फल जल्दी पच जाते हैं और शरीर को जरूरी विटामिन और मिनरल्स भी प्रदान करते हैं. दिनभर भारी और तला-भुना भोजन करने से बचें. सादा खिचड़ी, दाल और सब्जियां जैसे हल्के विकल्प चुनें ताकि पेट पर अतिरिक्त दबाव न पड़े. इससे पाचन तंत्र को आराम मिलेगा और शरीर जल्दी सामान्य स्थिति में लौट आएगा.
तेल मालिश से दें त्वचा को राहत
होली के रंगों से त्वचा रूखी और बेजान हो सकती है. कई बार जलन और खुजली भी महसूस होती है. ऐसे में पूरे शरीर की तेल से मालिश करना फायदेमंद रहता है. नारियल तेल या सरसों के तेल से हल्की मालिश करने से त्वचा को पोषण मिलता है और ड्राइनेस कम होती है. मालिश से रक्त संचार बेहतर होता है और शरीर को रिलैक्सेशन मिलता है. इससे नींद भी अच्छी आती है और शरीर तेजी से रिकवर करता है. इन आसान आयुर्वेदिक उपायों को अपनाकर होली के बाद शरीर को दोबारा तरोताजा और ऊर्जावान बनाया जा सकता है.
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विविधा सिंह न्यूज18 हिंदी (NEWS18) में पत्रकार हैं. इन्होंने दिल्ली यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता में बैचलर और मास्टर्स की डिग्री हासिल की है. पत्रकारिता के क्षेत्र में ये 3 वर्षों से काम कर रही हैं. फिलहाल न्यूज18…और पढ़ें