ज्योतिष में ग्रहों के अनुसार हर दिन का शुभ रंग और उसके लाभ.
भारत में पारंपरिक ज्योतिष, ग्रहों और रंगों का गहरा संबंध माना गया है. हर दिन एक ग्रह का प्रतिनिधित्व करता है और हर ग्रह का एक शुभ रंग होता है. माना जाता है कि उस दिन का रंग पहनने से सकारात्मक ऊर्जा बढ़ती है, मन शांत रहता है और कार्यों में सफलता मिलती है.
1. सोमवार — सफेद / क्रीम / हल्का नीला
ग्रह: चंद्रमा
क्यों पहनें:
सफेद चंद्रमा का रंग माना जाता है, जो मन और भावनाओं को स्थिर करता है.
लाभ: मानसिक शांति, तनाव कम, घर-परिवार से जुड़ी समस्याओं में राहत.
2. मंगलवार — लाल / नारंगी
ग्रह: मंगल
क्यों पहनें:
लाल ऊर्जा, साहस और जोश का प्रतीक है. यह आत्मविश्वास बढ़ाता है.
लाभ: उत्साह बढ़ता है, नए काम शुरू करने और निर्णय लेने में मदद.
3. बुधवार — हरा
ग्रह: बुध
क्यों पहनें:
हरा रंग बुद्धि, संवाद और शांति दर्शाता है.
लाभ: पढ़ाई, व्यापार, बातचीत और तार्किक क्षमता मजबूत होती है.
4. गुरुवार — पीला / सुनहरा
ग्रह: बृहस्पति
क्यों पहनें:
पीला रंग ज्ञान, धार्मिकता और समृद्धि का संकेत है.
लाभ: शिक्षा, करियर, सम्मान और पारिवारिक मामलों में शुभफल.
5. शुक्रवार — गुलाबी / सफेद / सिल्वर
ग्रह: शुक्र
क्यों पहनें:
गुलाबी और सफेद प्रेम, सौंदर्य और आकर्षण के प्रतीक हैं.
लाभ: रिश्तों में मिठास, आर्थिक लाभ और सौभाग्य बढ़ता है.
6. शनिवार — नीला / काला / ग्रे
ग्रह: शनि
क्यों पहनें:
नीला और काला धैर्य, परिश्रम और अनुशासन का प्रतीक है.
लाभ: कार्यक्षेत्र में स्थिरता, बाधाओं में कमी और मेहनत का फल मिलता है.
7. रविवार — लाल / नारंगी / सुनहरा
ग्रह: सूर्य
क्यों पहनें:
सूर्य तेज, ऊर्जा और आत्मबल का कारक है.
लाभ: नेतृत्व क्षमता बढ़ती है, सम्मान और आत्मविश्वास में सुधार.
रंग पहनने से क्या होता है?
मूड और ऊर्जा पर प्रभाव: रंग मनोविज्ञान के अनुसार, हर रंग मन की स्थिति और भावनाओं को प्रभावित कर सकता है.
सकारात्मकता बढ़ती है: शुभ रंग पहनने से व्यक्ति मानसिक रूप से सकारात्मक महसूस करता है.
आत्मविश्वास में वृद्धि: रंग आपके व्यक्तित्व और व्यवहार पर असर डालते हैं, जिससे निर्णय लेने की क्षमता मजबूत हो सकती है.
आध्यात्मिक संतुलन: कई लोगों के अनुसार, ग्रहों के अनुसार रंग पहनने से शरीर की ऊर्जा (Aura) संतुलित होती है.