How to reuse oil after frying। बचे हुए तेल का उपयोग करने से पहले जान लें जरूरी बातें
Reuse Cooking Oil: घर में जब पूड़ी, पकौड़े या कचौड़ी बनती हैं तो किचन का माहौल ही बदल जाता है. गरमा-गरम खुशबू, परिवार की डिमांड और साथ में चाय-मजा आ जाता है, लेकिन इस स्वाद भरे माहौल के बाद कड़ाही में बचा हुआ तेल अक्सर परेशानी बन जाता है. कई लोग सोचते हैं कि अब ये तेल किसी काम का नहीं, इसलिए सीधे नाली में उड़ेल देते हैं. वहीं कुछ लोग बिना सोचे-समझे उसी तेल को बार-बार तेज आंच पर चढ़ा देते हैं. दोनों तरीके सही नहीं हैं. बार-बार बहुत ज्यादा गरम किया हुआ तेल सेहत पर बुरा असर डाल सकता है. इससे खाने का स्वाद भी बिगड़ता है और पेट से जुड़ी दिक्कतें भी बढ़ सकती हैं. अच्छी बात ये है कि अगर थोड़ा ध्यान रखा जाए तो इस बचे तेल को समझदारी से दोबारा काम में लिया जा सकता है. बस जरूरत है सही तरीके अपनाने की, ताकि तेल की बर्बादी भी न हो और घरवालों की सेहत भी सुरक्षित रहे.
1. सबसे पहले तेल को पूरी तरह ठंडा होने दें
तलने के तुरंत बाद तेल बहुत गरम रहता है. इसी हालत में उसे छानना या डिब्बे में भरना सही नहीं. गरम तेल जल्दी खराब हो सकता है और जलने की गंध भी पकड़ लेता है. इसलिए कड़ाही को ऐसे ही छोड़ दें और तेल को अपने आप ठंडा होने दें. जब तेल सामान्य ताप पर आ जाए, तभी अगला कदम उठाएं.
2. छानना है सबसे जरूरी स्टेप
तलने के बाद तेल में जले हुए छोटे टुकड़े, आटे की परत या मसाले के कण रह जाते हैं. अगर ये तेल में पड़े रहें तो तेल जल्दी खराब होता है. एक बारीक छलनी, मलमल का कपड़ा या साफ सूती कपड़ा लें और तेल को धीरे-धीरे छान लें. इससे सारे जले कण बाहर निकल जाते हैं. साफ किया हुआ तेल ज्यादा समय तक ठीक रहता है.
3. स्टोर करने का सही तरीका अपनाएं
छना और ठंडा तेल कांच की बोतल या स्टील के साफ डिब्बे में रखें. प्लास्टिक के डिब्बों में तेल रखने से उसकी खुशबू और स्वाद बदल सकता है. डिब्बे को ढक्कन लगाकर बंद करें और ऐसी जगह रखें जहां धूप या ज्यादा गर्मी न हो. ठंडी और सूखी जगह सबसे बेहतर रहती है.
4. दोबारा इस्तेमाल से पहले तेल को परखें
तेल को दोबारा काम में लेने से पहले थोड़ा ध्यान देना जरूरी है.
-तेल को सूंघें-अगर अजीब, खट्टी या जली हुई गंध आ रही है तो इस्तेमाल न करें.
-रंग देखें-बहुत ज्यादा काला या भूरा हो चुका तेल सही नहीं.
-गाढ़ापन देखें-जरूरत से ज्यादा चिपचिपा तेल भी खराब माना जाता है.
एक ही तेल को बार-बार गरम करना ठीक नहीं. कोशिश करें कि तेल को दो बार से ज्यादा तेज आंच पर न चढ़ाएं.
5. दोबारा तलने के बजाय हल्के काम में लें
बचा हुआ तेल फिर से डीप फ्राइंग में न लें. इसकी जगह आप इसे सब्जी का तड़का लगाने, पराठे सेंकने या मसाला भूनने जैसे हल्के काम में ले सकते हैं. इससे तेल पर ज्यादा दबाव नहीं पड़ता.
6. कब तेल बिल्कुल इस्तेमाल न करें
अगर तेल गरम करते ही धुआं छोड़ने लगे, बदबू आए या उसमें झाग ज्यादा बने, तो उसे फेंक देना ही बेहतर है. ऐसा तेल पेट दर्द, गैस या भारीपन जैसी दिक्कत दे सकता है.
7. खाने लायक न बचे तो और काम में लें
अगर तेल अब किचन के काम का नहीं रहा, तब भी उसे नाली में न डालें. थोड़ी मात्रा में पुराने तेल से लकड़ी के सामान पर हल्की पॉलिश की जा सकती है. लोहे के औजारों पर लगाने से जंग कम लगती है. कुछ लोग गमलों की मिट्टी के किनारों पर हल्का तेल लगाकर कीड़े दूर रखने की कोशिश भी करते हैं.