300 फिल्‍में करने वाली एक्ट्रेस, सिर से कभी नहीं हटाया पल्‍लू, पद्मिनी कोल्हापुरे संग दे चुकी ब्लॉकबस्टर

Share to your loved once


नई दिल्ली. एक्टिंग की दुनिया में कई ऐसे सितारे हैं, जिन्होंने इंडस्ट्री में नाम तो कमाया, लेकिन काम हमेशा उन्होंने अपनी शर्तों पर ही किया. ऐसी ही एक एक्ट्रेस थीं, लीला मिश्रा जिन्हें लोगों ने ‘शोले’ में बसंती की मौसी के किरदार में देखा था. फिल्मों में वह ज्यादातर मां के रोल में ही नजर आती थीं. अपने करियर में उन्होंने कभी लीड रोल नहीं निभाए. अपने करियर में उन्होंने दादी-नानी वाले रोल ही निभाए. इन्हीं रोल से उनका करियर चमका भी.

यूं तो लीला मिश्रा ने अपने करियर में कई फिल्मों में काम किया और अपने किरदारों से लोगों का दिल जीता. लेकिन पहचान उन्हें अमिताभ बच्चन और धर्मेंद्र की फिल्म शोले में बसंती की मौसी के किरदार से मिली. इस फिल्म के बाद तो उनका ये रोल लोगो के जहन में बस गया था.

साइड रोल से बनाई अलग पहचान

लीला मिश्रा ने अपने करियर में ज्यादातर मां, मौसी, चाची, मामी और नानी के रोल ही निभाए.5 दशकों तक उन्होंने अपने करियर में 200 से भी ज्यादा फिल्मों में अलग-अलग रोल निभाए. अपने एक्टिंग करियर में वह ज्यादातर हिट या ब्लॉकबस्टर फिल्मों में ही नजर आईं. अपने एक्टिंग करियर में उन्होंने साल 1975 में आई फिल्म शोले, के अलावा दिल से मिले दिल, गीत गाता चल, नदिया के पार, अबोध जैसी फिल्मों में काम किया. कई फिल्मों में अपने रोल के लिए उन्होंने अवॉर्ड भी मिला.

प्रेम रोग में बड़ी अम्मा का निभाया किरदार

फिल्मों में किया शर्तों पर काम

लीला ने अपने करियर में जो भी रोल निभाया,उनमें जान फूंक दी. खासतौर पर उनके डायलॉग बोलने का अंदाज तो बेहद निराला था. उनके चेहरे के एक्सपप्रेशंस उनके किरदारों को बाकी कलाकारों से अलग बनाते थे.लीला ने अपनी एक्टिंग करियर की शुरुआत में ही तय कर लिया था कि वह जो उन्हें ठीक लगेगा वही रोल निभाएंगी. उन्होंने शुरू में ही कह दिया था कि वह फिल्मों में काम जरूर करेंगी. लेकिन कभी सिर से पल्लू नहीं हटाएंगी. लीला ने फिल्मों में काम करने की दो शर्तें थी पहली ये कि वो किसी भी फिल्म में रोमांटिक सीन नहीं करेगी और दूसरा कि अपने सिर का पल्लू नहीं उतारेंगी.

हर फिल्म में रच दिया इतिहास

लीला मिश्रा ने साल 1936 में आई एक फिल्म ‘सति सिलोचना’ से अपने करियर की शुरुआत की थी. इस फिल्म में लीला को कोएक महीने के पूरे 500 रुपए मिले थे. अपने करियर की शुरुआत में लीला ने’चित्रलेखा’, ‘रामबाण’, ‘शीशमहल’, ‘अवारा’, ‘दाग’, ‘प्यासा’, ‘लावंती’, ‘लीडर’, ‘बहु बेगम’ और ‘अमर प्रेम’ जैसी कई बेहतरीन फिल्मों में दमदार रोल निभाए.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

GET YOUR LOCAL NEWS ON NEWS SPHERE 24      TO GET PUBLISH YOUR OWN NEWS   CONTACT US ON EMAIL OR WHATSAPP