मटर का अचार बनाने की विधि | Green Peas Pickle Recipe Matar Ka Achar
Last Updated:
Green Peas Pickle Recipe: मटर का खट्टा-मीठा अचार बनाने के लिए उबले हुए मटर को सरसों के तेल और देसी मसालों के साथ पकाया जाता है. इसमें गुड़ और नींबू का प्रयोग कर खट्टा-मीठा स्वाद दिया जाता है. यह अचार फ्रिज में 2-3 हफ्ते तक सुरक्षित रहता है और हर तरह के भारतीय भोजन के साथ सर्व किया जा सकता है.
अगर आप खाने में चटपटा और खट्टा-मीठा स्वाद पसंद करते हैं, तो मटर का खट्टा-मीठा अचार आपके लिए एक बेहतरीन विकल्प है. यह अचार स्वाद में इतना लाजवाब होता है कि एक बार चखने के बाद बार-बार खाने का मन करता है. खास बात यह है कि इसे घर पर बहुत ही आसानी से तैयार किया जा सकता है और यह साधारण से खाने को भी खास बना देता है. मटर की हल्की मिठास, सरसों के तेल की खुशबू और देसी मसालों का मेल इस अचार को बेहद स्वादिष्ट बनाता है.
घर पर बना मटर का अचार न सिर्फ स्वाद में शानदार होता है, बल्कि सही तरीके से रखने पर यह 2 से 3 हफ्ते तक खराब भी नहीं होता. इसे आप पराठे, दाल-चावल, सब्जी-रोटी या साधारण खिचड़ी के साथ भी आराम से खा सकते हैं. इसकी सबसे बड़ी खूबी यह है कि यह कम समय में तैयार हो जाता है और ताजी मटर के स्वाद को बरकरार रखता है.
मटर का खट्टा-मीठा अचार बनाने के लिए सबसे पहले हरे मटर लें और उन्हें अच्छी तरह धो लें. इसके बाद मटर को हल्का उबाल लें, ताकि वे थोड़े नरम हो जाएं लेकिन पूरी तरह गलें नहीं. उबालने के बाद मटर को पानी से निकालकर पूरी तरह ठंडा होने दें. अब एक कढ़ाही में सरसों का तेल डालकर गर्म करें. जब तेल से हल्का सा धुआं निकलने लगे, तो गैस धीमी कर दें.
Add News18 as
Preferred Source on Google
इसके बाद इसमें राई, सौंफ और मेथी दाना डालें और हल्का सा भूनें. मसालों से खुशबू आने लगे तो इसमें हल्दी पाउडर और लाल मिर्च पाउडर डालें. ध्यान रखें कि मसाले जलें नहीं. अब उबले हुए मटर कढ़ाही में डालें और अच्छी तरह मिलाएं. इसके बाद इसमें स्वादानुसार नमक, अमचूर पाउडर और गुड़ पाउडर डालकर धीमी आंच पर 2 से 3 मिनट तक चलाएं, ताकि मसाले मटर में अच्छी तरह मिल जाएं.
गैस बंद करने के बाद इसमें नींबू का रस डालें और अच्छे से मिक्स करें. अचार को पूरी तरह ठंडा होने दें. ठंडा होने के बाद इसे साफ और सूखे कांच के जार में भरें और ऊपर से थोड़ा सा सरसों का तेल डाल दें. यह मटर का खट्टा-मीठा अचार फ्रिज में 2 से 3 हफ्ते तक सुरक्षित रहता है और जैसे-जैसे समय बीतता है, इसका स्वाद और भी ज्यादा निखर कर सामने आता है.