क्रांतिकारियों की नहीं, विचारकों की भी धरती है शाहजहांपुर! जिसने देश को दिए वो चेहरे जिन्होंने बदल दिया भारत का भविष्य
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Shahjahanpur History: उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर ने भारतीय गणतंत्र के निर्माण में अपनी छाप छोड़ी है. यह जिला सिर्फ क्रांतिकारियों का नहीं, बल्कि प्रबुद्ध विचारकों का भी गढ़ रहा है. यहां के वीर सपूतों और संविधान सभा के प्रतिनिधियों ने भारत की आज़ादी और लोकतांत्रिक ढांचे को मजबूत करने में अहम भूमिका निभाई है. गणतंत्र दिवस के अवसर पर शाहजहांपुर की गौरवशाली कहानी और इसकी ऐतिहासिक योगदान की झलक हर भारतीय के लिए प्रेरणादायक है.
शाहजहांपुर: आज पूरा देश हर्षौल्लास के साथ गणतंत्र दिवस मना रहा है. इस खास दिन के लिए उत्तर प्रदेश का जिला शाहजहांपुर भी अछूता नहीं है. यह वह जिला है जिसने न केवल देश की आजादी के लिए अपने वीर सपूतों का बलिदान दिया, बल्कि भारतीय गणतंत्र की नींव रखने में भी खास भूमिका निभाई है. संविधान सभा में जिले का प्रतिनिधित्व हो या प्रदेश को उसका पहला मुख्यमंत्री देने की बात, शाहजहांपुर का नाम इतिहास के सुनहरे अक्षरों में दर्ज है. इस जिले ने भारत के लोकतांत्रिक ढांचे को मजबूत करने में अपना बहुमूल्य योगदान दिया.
क्रांतिकारियों की भूमि है शाहजहांपुर
प्रसिद्ध इतिहासकार डॉ. विकास खुराना ने बताया कि शाहजहांपुर केवल क्रांतिकारियों की ही नहीं, बल्कि प्रबुद्ध विचारकों की भी भूमि रही है. उन्होंने बताया कि जिले के पंडित वंशीधर मिश्रा और दामोदर स्वरूप सेठ जैसे दिग्गजों ने संविधान सभा का हिस्सा बनकर देश के भविष्य की रूपरेखा तैयार की. डॉ. खुराना का मानना है कि उत्तर प्रदेश के पहले मुख्यमंत्री पंडित गोविंद वल्लभ पंत के राजनीतिक सफर में भी इस जिले का केंद्रीय स्थान रहा, जो इसकी राजनीतिक चेतना को दर्शाता है.
शाहजहांपुर का रहा खास योगदान
भारतीय गणतंत्र के निर्माण में शाहजहांपुर का योगदान अत्यंत व्यापक और बहुआयामी रहा है. शिक्षा के क्षेत्र में राष्ट्रीय स्तर पर कीर्तिमान स्थापित करने वाले इस जिले ने देश को ऐसे बौद्धिक व्यक्तित्व दिए जिन्होंने संविधान सभा में अपनी आवाज बुलंद की. पुवायां के पंडित वंशीधर मिश्रा ने जहां बंधुआ मजदूरी जैसी सामाजिक बुराइयों के खिलाफ संवैधानिक मोर्चा खोला, वहीं दामोदर स्वरूप सेठ ने लोकतांत्रिक मूल्यों की वकालत की. काकोरी कांड के नायकों से लेकर प्रदेश के पहले मुख्यमंत्री पंडित गोविंद वल्लभ पंत के निर्वाचन तक, शाहजहांपुर हमेशा से भारतीय लोकतंत्र और राजनीति के केंद्र में रहा है.
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सीमा नाथ पांच साल से मीडिया के क्षेत्र में काम कर रही हैं. शाह टाइम्स, उत्तरांचल दीप, न्यूज अपडेट भारत के साथ ही लोकल 18 (नेटवर्क18) में काम किया है. वर्तमान में मैं News18 (नेटवर्क18) के साथ जुड़ी हूं, जहां मै…और पढ़ें