Greater Noida News : कौन बांट रहा है छात्रों को फ्री में 2000 वाला हेलमेट? जानें रघुवेंद्र कुमार का मकसद
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Greater Noida News : ग्रेटर नोएडा के कॉलेजों में छात्रों को 2,000 रुपये तक कीमत वाले ब्रांडेड हेलमेट मुफ्त में दिए जा रहे हैं. यह अनोखी पहल ‘हेलमेट मैन ऑफ इंडिया’ रघुवेंद्र कुमार की है, जिनका मकसद युवाओं को सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक करना और दुर्घटनाओं में होने वाली मौतों को कम करना है.
ग्रेटर नोएडा : ग्रेटर नोएडा में सड़क सुरक्षा को लेकर एक सराहनीय और प्रेरक पहल सामने आई है. यहां कॉलेज परिसरों में हेलमेट बैंक की स्थापना की गई है, जिसके जरिए छात्रों और कर्मचारियों को उच्च गुणवत्ता वाले ब्रांडेड हेलमेट पूरी तरह फ्री में उपलब्ध कराए जा रहे हैं. इस अनोखी मुहिम का नेतृत्व देशभर में ‘हेलमेट मैन ऑफ इंडिया’ के नाम से पहचाने जाने वाले रघुवेंद्र कुमार कर रहे हैं. उनका उद्देश्य सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली मौतों को कम करना और युवाओं को सुरक्षा के प्रति जागरूक बनाना है.
रघुवेंद्र कुमार बताते हैं कि इस अभियान की प्रेरणा उनके जीवन की एक दर्दनाक घटना से मिली. कॉलेज के दिनों में एक सड़क हादसे में उनके रूम पार्टनर की मौत हो गई थी, जिसने उन्हें भीतर तक झकझोर दिया. उसी दिन उन्होंने संकल्प लिया कि वे सड़क हादसों में जान जाने की घटनाओं को रोकने के लिए काम करेंगे. बीते 12 वर्षों में वे देश के 22 राज्यों में 75 हजार से अधिक हेलमेट वितरित कर चुके हैं. अब यही अभियान ग्रेटर नोएडा में हेलमेट बैंक के रूप में आकार ले चुका है.
कैसे मिलेगा छात्रों को हेलमेट?
हेलमेट बैंक की सुविधा का लाभ लेने के लिए संबंधित कॉलेज का छात्र या कर्मचारी होना जरूरी है. हेलमेट प्राप्त करने के लिए आईडी कार्ड दिखाकर नाम दर्ज कराना होता है, जिसके बाद छात्र अपनी पसंद के रंग और डिजाइन का हेलमेट चुन सकते हैं. बाजार में जिन हेलमेट की कीमत 1,500 से 2,000 रुपये तक होती है, वे यहां बिल्कुल मुफ्त उपलब्ध कराए जा रहे हैं.
घटिया हेलमेट के खिलाफ है अभियान
रघुवेंद्र कुमार खुद भी सड़क सुरक्षा का संदेश देने के लिए हमेशा हेलमेट पहनते हैं. वे टू-व्हीलर, फोर-व्हीलर और यहां तक कि हवाई यात्रा के दौरान भी हेलमेट पहनकर लोगों को जागरूक करते हैं. उनका मानना है कि जब लोग स्वयं उदाहरण पेश करेंगे, तभी समाज में बदलाव आएगा. इसके साथ ही वे नकली और घटिया हेलमेट को बाजार से बाहर करने की दिशा में भी लगातार प्रयास कर रहे हैं.
क्या है इस अभियान का उद्देश्य?
कॉलेजों में पढ़ने वाले छात्र इस पहल की जमकर सराहना कर रहे हैं. जहां पहले युवा हेलमेट पहनने को जरूरी नहीं समझते थे, वहीं अब यह सुरक्षा के साथ-साथ जिम्मेदारी और जागरूकता का प्रतीक बनता जा रहा है. ग्रेटर नोएडा में हेलमेट बैंक की यह पहल सड़क सुरक्षा की दिशा में एक मजबूत कदम है, जो न सिर्फ आज की पीढ़ी की जान बचाएगी, बल्कि आने वाली पीढ़ियों में भी सुरक्षित रहने की आदत विकसित करेगी.
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मीडिया क्षेत्र में पांच वर्ष से अधिक समय से सक्रिय हूं और वर्तमान में News-18 हिंदी से जुड़ा हूं. मैने पत्रकारिता की शुरुआत 2020 के बिहार विधानसभा चुनाव से की. इसके बाद उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड चुनाव में ग्राउंड…और पढ़ें