Vinod kambli : विनोद कांबली का नाम बर्बाद क्रिकेटर सर्च करने पर सबसे पहले आता है
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Vinod kambli : पूर्व भारतीय क्रिकेटर विनोद कांबली ने सचिन तेंदुलकर के साथ जूनियर क्रिकेट (हैरिस शील्ड) में 664 रन की साझेदारी कर सनसनी फैला दी थी. इंटरनेशनल डेब्यू के बाद 21 साल की उम्र में 6 टेस्ट में 4 शतक और 2 डबल सेंचुरी जमाकर रिकॉर्ड बनाया लेकिन अनुशासनहीनता से करियर खत्म हुआ.
विनोद कांबली का करियर शानदार डेब्यू के बाद अचानक कैसे हुआ खत्मनई दिल्ली. इंटरनेशनल क्रिकेट में ऐसे कई खिलाड़ी आए जिनकी शुरुआत गजब की हुई और उनको भविष्य का सुपर स्टार माना जा रहा था लेकिन अचानक सब खत्म हो गया. वजह थी खेल के प्रति सम्मान और अनुशासन में कमी. आज जब हम इंटरनेट पर जाकर सिर्फ बर्बाद क्रिकेटर सर्च करते हैं तो जो नाम सबसे ऊपर आता है वो सचिन तेंदुलकर के साथी हैं. गूगल सर्च विनोद कांबली का नाम दिखाता है. एक ऐसा खिलाड़ी जो ना जाने कितने रिकॉर्ड बना सकता था लेकिन नशा और बाकी चीजों की वजह से करियर खराब कर बैठा.
“बर्बाद क्रिकेटर” से आपका मतलब शायद उन प्रतिभाशाली खिलाड़ियों से है जिनका करियर खराब आदतों, अनुशासनहीनता या चयनकर्ताओं की गलतियों के कारण बर्बाद हो गया. इस लिस्ट में विनोद कांबली का नाम प्रमुखता से आता है, जो अपनी शराब की लत और अनुशासनहीनता के कारण जल्दी ही टॉप पर पहुंचकर गुमनामी में खो गए. जो कुछ भी आपने ऊपर पढ़ा ये सबकुछ बर्बाद क्रिकेटर गूगल पर सर्च करने के बाद हमें दिखा.
विनोद कांबली और सचिन तेंदुलकर के नाम कौन सा रिकॉर्ड
इंटरनेशनल क्रिकेट में आने से पहले सचिन तेंदुलकर के साथ विनोद कांबली ने घरेलू क्रिकेट खास कर स्कूल स्तर पर गजब का खेल दिखाया था. उन्होंने सचिन तेंदुलकर के साथ मिलकर जूनियर क्रिकेट (हैरिस शील्ड) में 664 रनों की ऐतिहासिक साझेदारी करने का रिकॉर्ड बनाया था. इस साझेदारी में सचिन ने नाबाद 326 जबकि कांबली ने 349 रन की नॉट आउट पारी खेली थी. बाएं हाथ के इस बल्लेबाज में गजब का टैलेंट था और कुछ लोग उनको सचिन से भी ज्यादा अच्छा मानते हैं. एक तरफ जहां मास्टर ब्लास्टर ने दो दशक से ज्यादा क्रिकेट खेला तो वहीं कांबली का करियर बहुत जल्दी खत्म हो गया.
विनोद कांबली ने बनाए कौन से रिकॉर्ड
विनोद कांबली ने भारत की तरफ से खेलते हुए पहले 6 टेस्ट मैचों में ही 2 दोहरे शतक समेत 4 शतक जड़ दिए थे. उनके नाम भारत की तरफ से सबसे कम उम्र में डबल सेंचुरी बनाने का वर्ल्ड रिकॉर्ड दर्ज है. जब कांबली ने ये कमाल किया तो उनकी उम्र 21 साल 32 दिन थी. उन्होंने इंग्लैंड के खिलाफ 224 रनों की शानदार पारी खेली थी.
महज 14 टेस्ट पारियों में 1000 पूरा कर उन्होंने खास रिकॉर्ड बनाया था. वह भारत की ओर टेस्ट में सबसे तेज 1000 रन बनाने वाले खिलाड़ी बने थे. विनोद कांबली दुनिया के ऐसे अकेले बल्लेबाज बने थे जिन्होंने पहले 4 टेस्ट मैचों में लगातार 2 डबल सेंचुरी लगाई. वह दुनिया के महज ऐसे बैटर बन थे जिन्होंने 21 की उम्र में ही 6 टेस्ट मैचों में ही 4 शतक बनाया हो.
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15 साल से ज्यादा वक्त से खेल पत्रकारिता से सक्रिय. Etv भारत, ZEE न्यूज की क्रिकेट वेबसाइट में काम किया. दैनिक जागरण वेबसाइट में स्पोर्ट्स हेड रहा. ओलंपिक, कॉमनवेल्थ, क्रिकेट और फुटबॉल वर्ल्ड कप कवर किया. अक्टूब…और पढ़ें