Jija and sali arrest in punjab blind murder case – साली और जीजा ने मिलकर बनाया मर्डर का फुलप्रूफ प्लान, पर लोकेशन ने बिगाड़ा सारा ‘खेल’, हत्याकांड का कैसे हुआ खुलासा
नई दिल्ली. पंजाब के नवांशहर (शहीद भगत सिंह नगर) में एक सनसनीखेज ब्लाइंड मर्डर का पुलिस ने महज 24 घंटे में खुलासा कर दिया. इस हत्याकांड में किराना व्यापारी और नवांशहर व्यापार मंडल के वाइस प्रेसिडेंट रवि सोबती की न सिर्फ हत्या की, बल्कि सबूत मिटाने के लिए उनकी कार पर पेट्रोल डालकर आग भी लगा दी गई. चौंकाने वाली बात यह रही कि इस साजिश की जड़ में घर में काम करने वाली नौकरानी सोनम और उसका जीजा सुरजीत सिंह उर्फ जस्सी निकले.
कैसे गुमशुदगी का मामला मर्डर केस में बदला?
12 दिसंबर 2025 की रात करीब 9 बजे जब रवि सोबती घर नहीं लौटे, तो उनके बेटे सुमित सोबती ने थाना सिटी नवांशहर में सूचना दी. पुलिस ने तुरंत हरकत में आते हुए रवि सोबती के मोबाइल की लोकेशन ट्रेस की, जो बलाचौर की ओर दिख रही थी. डीएसपी नवांशहर ने बलाचौर पुलिस से तालमेल कर मौके पर टीम भेजी और खुद भी परिवार के साथ रवाना हुए. वहां रवि सोबती की कार के भीतर आधी जली हुई लाश बरामद हुई. उसी रात बेटे के बयान पर हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई.
कैसे 24 घंटे में खुला मर्डर मिस्ट्री का राज
इस मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी (जांच) की निगरानी में कई टीमें बनाई गईं डीएसपी बलाचौर, डीएसपी नवांशहर, सीआईए स्टाफ और दोनों थानों के एसएचओ शामिल रहे. तकनीकी, वैज्ञानिक और ह्यूमन इंटेलिजेंस के आधार पर जांच आगे बढ़ी और अगले ही दिन पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया. साथ ही वारदात में इस्तेमाल मोटरसाइकिल भी बरामद की गई। बाद में केस में धाराएं बढ़ाई गईं.
किस-किस को किया अरेस्ट
- सुरजीत सिंह उर्फ जस्सी (जीजा), निवासी बरियारपुर पटना (बिहार), वर्तमान में नवांशहर में किराएदार
- मनी पुत्र विनोद भगत, निवासी पुनू मजारा
- चरणजीत सिंह उर्फ मनी, निवासी पुनू मजारा
- सोनम देवी, पत्नी लवकुश उर्फ लवदास, निवासी महालों, नवांशहर
क्या थी हत्या की वजह क्या थी?
जांच में सामने आया कि रवि सोबती के घर पर काम करने वाली सोनम ने अपने जीजा सुरजीत सिंह को बताया था कि रवि सोबती उसे शारीरिक संबंध बनाने के लिए परेशान कर रहे हैं. घटना से दो दिन पहले सुरजीत सिंह ने इस बात को लेकर रवि सोबती से आपत्ति जताई, जिस पर दोनों में झगड़ा हुआ. रवि सोबती ने कथित तौर पर घर खाली करने की धमकी दी और गाली-गलौज भी हुई। इसी गुस्से और बदले की भावना ने हत्या की साजिश का रूप ले लिया.
कैसे बना मर्डर का प्लान?
पुलिस के मुताबिक, सुरजीत सिंह ने अपनी साली सोनम से कहा कि वह दोपहर में महालों से घर आ जाए. शाम को जब रवि सोबती उसे लेने आएंगे, तो उन्हें रेलवे क्रॉसिंग-3 के पास अंडरब्रिज की सुनसान जगह पर ले जाया जाएगा. योजना के मुताबिक, वहां साथियों की मदद से रवि सोबती की हत्या की गई. इसके बाद शव को बलाचौर ले जाकर कार पर पेट्रोल डालकर आग लगा दी गई, ताकि लगे कि यह हादसा है और हत्या का शक न हो.
पुलिस ने क्या कहा?
एसएसपी तुषार गुप्ता ने बताया कि तेज कार्रवाई, तकनीकी जांच और ह्यूमन सोर्स की मदद से आरोपियों को जल्द ट्रेस कर लिया गया. सभी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है और मामले की आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी है.
परिवार का दर्द
मृतक के भतीजे संदीप सोबती ने कहा कि परिवार को इस साजिश की उम्मीद नहीं थी. उन्होंने पुलिस की तेज कार्रवाई की सराहना करते हुए कहा कि उन्हें न्याय की उम्मीद है.